Maharashtra: नवी मुंबई के नेरुल इलाके में NRI Complex के पीछे स्थित क्रीक में हजारों प्रवासी Flamingo पक्षी जमा हुए हैं। 16 मई 2026 को इस नजारे ने पूरे वेटलैंड को गुलाबी रंग में बदल दिया, जिसे देखने के लिए स्थानीय लोग, फ
Maharashtra: नवी मुंबई के नेरुल इलाके में NRI Complex के पीछे स्थित क्रीक में हजारों प्रवासी Flamingo पक्षी जमा हुए हैं। 16 मई 2026 को इस नजारे ने पूरे वेटलैंड को गुलाबी रंग में बदल दिया, जिसे देखने के लिए स्थानीय लोग, फोटोग्राफर्स और बर्डवाचर्स बड़ी संख्या में पहुंचे। आमतौर पर ये पक्षी मार्च तक चले जाते हैं, लेकिन इस बार ये मई तक रुके हुए हैं।
Flamingo इतने दिनों तक नवी मुंबई में क्यों रुके रहे?
विशेषज्ञों और NatConnect Foundation के डायरेक्टर B.N. Kumar के मुताबिक, गुजरात में पानी ज्यादा समय तक रुकने और मौसम में आए बदलाव की वजह से इन पक्षियों के आने और जाने का समय बदल गया है। इस साल मानसून लंबा खिंचा, जिसकी वजह से Flamingo नवंबर-दिसंबर में आए और अब मई तक रुके हुए हैं। @flamingosofMumbai के विद्यासागर हरिहरन ने बताया कि पिछले 10 सालों में ऐसा दूसरी बार हुआ है, लेकिन इस बार पक्षियों की संख्या में 30-40% की कमी देखी गई है।
इन पक्षियों के संरक्षण के लिए क्या नियम हैं?
Flamingo पक्षी Wildlife (Protection) Act, 1972 की Schedule IV के तहत सुरक्षित हैं, जिसका मतलब है कि इनका शिकार करना पूरी तरह मना है। महाराष्ट्र राज्य वन्यजीव बोर्ड ने 18 अप्रैल 2025 को DPS Flamingo Lake को संरक्षण रिजर्व घोषित किया था। इसके अलावा, जून 2020 में NRI Complex और Training Ship Chanakya जैसे इलाकों को भी संवेदनशील वेटलैंड माना गया था। हालांकि, पर्यावरण कार्यकर्ता CIDCO और प्रशासन पर इन इलाकों की अनदेखी करने और प्रदूषण बढ़ाने का आरोप लगा रहे हैं।
पक्षियों को देखने का सही समय क्या है?
अगर आप इन गुलाबी पक्षियों को देखना चाहते हैं, तो सुबह 6:30 से 9 बजे तक और शाम को 4:30 से 6 बजे तक का समय सबसे अच्छा रहता है। खासकर लो टाइड (low tide) के दौरान जब कीचड़ वाले मैदान बाहर आते हैं, तब ये पक्षी वहां अपना भोजन तलाशते हैं और आसानी से दिखाई देते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
नवी मुंबई में Flamingo देखने का सबसे अच्छा समय क्या है?
सुबह 6:30 से 9:00 बजे और शाम 4:30 से 6:00 बजे के बीच लो टाइड के समय इन्हें देखना सबसे आसान होता है।
इस बार पक्षियों की संख्या में कमी क्यों आई है?
पर्यावरणविदों के अनुसार, वेटलैंड्स में बढ़ते प्रदूषण, ऑक्सीजन की कमी और पानी की खराब क्वालिटी के कारण पक्षियों के लिए अनुकूल माहौल कम हुआ है, जिससे उनकी संख्या में 30-40% की गिरावट आई है।