Delhi-NCR, Haryana समेत 4 राज्यों के बीच दौड़ेगी रैपिड रेल, इन सभी शहरों की बढ़ेगी कनेक्टिविटी

Delhi: दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और उत्तराखंड के बीच सफर करने वालों के लिए बहुत अच्छी खबर है। नमो भारत (RRTS) के नेटवर्क को अब और बड़ा किया जा रहा है, जिससे इन राज्यों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी। सबसे बड़ा अपडेट मेरठ-हरि

Delhi: दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और उत्तराखंड के बीच सफर करने वालों के लिए बहुत अच्छी खबर है। नमो भारत (RRTS) के नेटवर्क को अब और बड़ा किया जा रहा है, जिससे इन राज्यों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी। सबसे बड़ा अपडेट मेरठ-हरिद्वार-ऋषिकेश कॉरिडोर को लेकर आया है, जिसे शुरुआती मंजूरी मिल चुकी है और इसका सर्वे काम चल रहा है।

यह नया कॉरिडोर करीब 150 किलोमीटर लंबा होगा। इसकी शुरुआत मेरठ के मोदीपुरम स्टेशन से होगी, जो दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल का आखिरी स्टेशन है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से दिल्ली से ऋषिकेश पहुँचने का समय काफी कम हो जाएगा। अभी सड़क मार्ग से इसमें 5 से 6 घंटे लगते हैं, लेकिन रैपिड रेल से यह सफर करीब 3 घंटे में पूरा हो जाएगा।

  • उत्तर प्रदेश का हिस्सा: इस कॉरिडोर के करीब 72 किलोमीटर मेरठ और मुजफ्फरनगर से होकर गुजरेंगे।
  • उत्तराखंड का हिस्सा: बाकी 78 किलोमीटर का हिस्सा रुड़की, हरिद्वार (हर की पौड़ी) और ऋषिकेश (लक्ष्मण झूला के पास) तक जाएगा।

इस प्रोजेक्ट के लिए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और केंद्रीय शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल खट्टर के बीच बैठक हुई है। नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (NCRTC) अब यूपी और उत्तराखंड सरकार के साथ मिलकर इसे पूरा करेगा। उत्तराखंड सरकार ने रीना जोशी को इस प्रोजेक्ट के लिए नोडल ऑफिसर बनाया है।

कॉरिडोर का नाम मुख्य रूट और कनेक्टिविटी खासियत
दिल्ली-मेरठ सराय काले खान से मोदीपुरम सफर का समय घटकर 50 मिनट हुआ
मेरठ-हरिद्वार-ऋषिकेश मोदीपुरम से ऋषिकेश दिल्ली से ऋषिकेश का सफर 3 घंटे में
दिल्ली-सोनीपत-पानीपत दिल्ली से हरियाणा के पानीपत तक उत्तराखंड और मुजफ्फरनगर के यात्रियों के लिए सीधा जुड़ाव
दिल्ली-गुरुग्राम-नीमराना-अलवर सराय काले खान से अलवर तक ऋषिकेश-हरिद्वार से अलवर तक बिना ट्रेन बदले सफर
गाजियाबाद-जेवर गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट 40-50 मिनट में एयरपोर्ट पहुँचने की सुविधा (DPR स्टेज)

NCRTC के मैनेजिंग डायरेक्टर शलभ गोयल ने बताया कि नमो भारत ट्रेनें अभी हर 10 मिनट में चल रही हैं। जरूरत पड़ने पर इसे घटाकर 3 मिनट भी किया जा सकता है। फिलहाल इस सेवा से रोजाना करीब एक लाख लोग सफर कर रहे हैं और अब तक 3.5 करोड़ से ज्यादा यात्राएं हो चुकी हैं। इन स्टेशनों को मेट्रो, रेलवे और बस स्टैंड से जोड़ने का काम भी लगातार किया जा रहा है।