Bihar: बिहार के नए पर्यटन मंत्री Kedar Prasad Gupta ने पद संभालते ही Muzaffarpur के बाबा गरीबनाथ धाम के लिए एक बड़ी योजना का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि बाबा गरीबनाथ धाम को अब एक भव्य कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाए
Bihar: बिहार के नए पर्यटन मंत्री Kedar Prasad Gupta ने पद संभालते ही Muzaffarpur के बाबा गरीबनाथ धाम के लिए एक बड़ी योजना का ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि बाबा गरीबनाथ धाम को अब एक भव्य कॉरिडोर के रूप में विकसित किया जाएगा। मंत्री का लक्ष्य बिहार की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान को पूरी दुनिया के सामने लाना है ताकि राज्य में पर्यटन बढ़े और लोगों को रोजगार मिले।
बाबा गरीबनाथ धाम कॉरिडोर में क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी?
इस प्रोजेक्ट को काशी विश्वनाथ और उज्जैन महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर बनाया जाएगा। यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं के लिए कई आधुनिक सुविधाएं जुटाई जाएंगी। इसमें तीर्थयात्री भवन, टूरिस्ट फैसिलिटी सेंटर, सस्ता आवास, छायादार विश्राम स्थल और फर्स्ट एड की सुविधा होगी। साथ ही सुरक्षा के लिए CCTV कैमरे, महिलाओं के लिए अलग शौचालय और निर्भया कॉल पॉइंट्स लगाए जाएंगे। कॉरिडोर का विस्तार बूढ़ी गंडक नदी तक करने का प्रस्ताव है जिससे पर्यटन को और बढ़ावा मिलेगा।
अन्य धार्मिक स्थलों का विकास और बजट
पर्यटन मंत्री ने केवल गरीबनाथ धाम ही नहीं, बल्कि अन्य महत्वपूर्ण स्थलों के विकास पर भी बात की। Hariharnath Temple और Punoura Dham के विकास की योजना है। Punoura Dham में सीता मंदिर प्रोजेक्ट पर काम चल रहा है, जिसमें जमीन अधिग्रहण समेत 1000 करोड़ रुपये से ज्यादा का बजट अनुमानित है। बिहार सरकार की Tourism Policy 2023 के तहत निजी निवेश को बढ़ावा दिया जा रहा है ताकि होटल और अन्य सुविधाओं का विस्तार हो सके।
स्थानीय लोगों और अर्थव्यवस्था पर क्या असर होगा?
इस कॉरिडोर के बनने से Muzaffarpur और आसपास के इलाकों में आर्थिक गतिविधियों में तेजी आएगी। स्थानीय कारीगरों, दुकानदारों और सर्विस प्रोवाइडर्स के लिए रोजगार के नए मौके खुलेंगे। सावन मेले के दौरान आने वाली भारी भीड़ के लिए अब बेहतर SOP और गाइड की सुविधा उपलब्ध होगी। सरकार का मानना है कि जब दुनिया भर से पर्यटक यहाँ आएंगे, तो स्थानीय व्यापार को सीधा फायदा होगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बाबा गरीबनाथ धाम कॉरिडोर किस मॉडल पर आधारित होगा?
यह कॉरिडोर काशी विश्वनाथ और उज्जैन महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर विकसित किया जाएगा, ताकि श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिल सकें।
पुनौरा धाम प्रोजेक्ट के लिए कितना बजट रखा गया है?
पुनौरा धाम में सीता मंदिर प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण सहित 1000 करोड़ रुपये से अधिक का अनुमानित बजट रखा गया है।