Maharashtra: मुंबई की एक सेशन कोर्ट ने पूर्व क्रिकेटर और TMC सांसद Yusuf Pathan के ससुर Khaliq Khan को जमानत दे दी है। 66 साल के खालिक खान को मारपीट के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था। कोर्ट ने उनकी उम्र और केस की परिस
Maharashtra: मुंबई की एक सेशन कोर्ट ने पूर्व क्रिकेटर और TMC सांसद Yusuf Pathan के ससुर Khaliq Khan को जमानत दे दी है। 66 साल के खालिक खान को मारपीट के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था। कोर्ट ने उनकी उम्र और केस की परिस्थितियों को देखते हुए यह फैसला सुनाया है।
क्या था पूरा मामला और क्यों हुई थी गिरफ्तारी?
यह पूरा विवाद अप्रैल 2026 के आखिर में शुरू हुआ था। आरोप है कि Yusuf Khan नाम के एक व्यक्ति की कार से Shoaib Pathan पर पानी पड़ा था, जिसके बाद दोनों पक्षों में झगड़ा हो गया। इस लड़ाई में Shoaib Pathan और Umarshad पर Yusuf Khan और उनके परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट करने और कार को नुकसान पहुँचाने का आरोप लगा। Byculla पुलिस स्टेशन में इस मामले की FIR दर्ज की गई थी और 21 अप्रैल को खालिक खान समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया था।
कोर्ट ने जमानत देते समय किन बातों पर गौर किया?
Additional Sessions Judge Anil Salunkhe ने जमानत देते समय कुछ मुख्य बातें देखीं। कोर्ट ने पाया कि खालिक खान के खिलाफ लगाए गए आरोप काफी अस्पष्ट हैं। साथ ही उनकी बढ़ती उम्र और इस बात पर भी गौर किया गया कि घायल लोग अस्पताल से डिस्चार्ज हो चुके हैं। कोर्ट ने 15,000 रुपये के पर्सनल बॉन्ड और जमानतदार की शर्त पर उन्हें रिहा करने का आदेश दिया। साथ ही उन्हें गवाहों को प्रभावित न करने और सबूतों से छेड़छाड़ न करने की हिदायत दी गई है।
परिवार का क्या कहना है?
इस मामले को लेकर Yusuf Pathan की सास Naseebjaan Mohd Khaliq ने पहले ही बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि यह पूरा मामला सिर्फ साज़िश है। उनके मुताबिक, आने वाले विधानसभा चुनावों से पहले परिवार की छवि खराब करने के लिए यह सब किया जा रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
खालिक खान को किस आरोप में गिरफ्तार किया गया था?
खालिक खान को Byculla पुलिस स्टेशन में दर्ज मारपीट और हमला करने के मामले में गिरफ्तार किया गया था, जो एक कार विवाद के बाद शुरू हुआ था।
कोर्ट ने जमानत के लिए क्या शर्तें रखी हैं?
कोर्ट ने 15,000 रुपये के पर्सनल बॉन्ड और जमानतदार की शर्त रखी है। साथ ही उन्हें गवाहों और सबूतों के साथ छेड़छाड़ न करने का निर्देश दिया है।