Mumbai में पानी के टैंकरों की हड़ताल शुरू, हाउसिंग सोसायटियों को देना पड़ रहा दोगुना दाम

Maharashtra: मुंबई में निजी पानी के टैंकर ऑपरेटरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल सोमवार से शुरू हो गई है। इस वजह से शहर की कई हाउसिंग सोसायटियों में पानी का भारी संकट पैदा हो गया है। पानी की किल्लत इतनी बढ़ गई है कि लोगों को स

Maharashtra: मुंबई में निजी पानी के टैंकर ऑपरेटरों की अनिश्चितकालीन हड़ताल सोमवार से शुरू हो गई है। इस वजह से शहर की कई हाउसिंग सोसायटियों में पानी का भारी संकट पैदा हो गया है। पानी की किल्लत इतनी बढ़ गई है कि लोगों को सामान्य से दोगुने दाम चुकाने पड़ रहे हैं। टैंकर ऑपरेटरों ने तहसीलदार से मुलाकात कर इस मामले में मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की मांग की है।

टैंकर हड़ताल की मुख्य वजह क्या है

यह हड़ताल Central Ground Water Authority (CGWA) के नियमों को सख्ती से लागू करने के विरोध में है। BMC ने बोरवेल मालिकों और पानी सप्लाई करने वालों को CGWA से नई मंजूरी लेने का आदेश दिया था। नियमों के मुताबिक, ऑपरेटरों को NOC लेना, 200 वर्ग मीटर जमीन का सबूत देना और डिजिटल फ्लो मीटर लगाना अनिवार्य है। मुंबई वॉटर टैंकर एसोसिएशन (MWTA) का कहना है कि ये शर्तें बहुत कठिन हैं और इन्हें सिर्फ मुंबई शहर में ही सख्ती से लागू किया जा रहा है, जबकि MMR के अन्य इलाकों में ऐसी कोई सख्ती नहीं है।

आम जनता और सेवाओं पर क्या असर पड़ा

हड़ताल के पहले ही दिन टैंकरों की कीमतें बढ़कर 5500 से 6500 रुपये तक पहुंच गई हैं। कई हाउसिंग सोसायटियों के निवासी अब दैनिक कामों के लिए पानी की भारी किल्लत झेल रहे हैं। इसका असर रेलवे पर भी पड़ा है, जहां CSMT स्टेशन पर करीब 4.5 लाख लीटर पानी की कमी दर्ज की गई। सेंट्रल रेलवे ने आपातकालीन इंतजाम करते हुए पानी की सप्लाई के लिए इगतपुरी, पनवेल और भुसावल स्टेशनों का सहारा लिया है।

शहर में पानी की स्थिति और अन्य दावे

मुंबई में पहले से ही झीलों का जलस्तर 13-15% के करीब है, जिसकी वजह से BMC ने 10% पानी की कटौती लागू कर रखी है। ऐसे में टैंकरों की हड़ताल ने संकट को और बढ़ा दिया है। MWTA के अध्यक्ष जसबीर सिंह बिरा के मुताबिक, CGWA की शर्तें आर्थिक रूप से संभव नहीं हैं। वहीं, शिवसेना (UBT) विधायक आदित्य ठाकरे ने सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि नियमों में बदलाव न करने और डीसेलिनेशन प्रोजेक्ट रद्द करने से यह स्थिति पैदा हुई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

मुंबई में पानी के टैंकरों की कीमत कितनी बढ़ गई है

हड़ताल की वजह से टैंकरों की कीमतें काफी बढ़ गई हैं और अब एक टैंकर के लिए 5500 से 6500 रुपये तक देने पड़ रहे हैं, जो सामान्य से लगभग दोगुना है।

टैंकर ऑपरेटरों की मुख्य मांग क्या है

ऑपरेटर चाहते हैं कि CGWA के नियमों के कार्यान्वयन में ढील दी जाए, क्योंकि उनका दावा है कि ये शर्तें अव्यवहारिक हैं और इन्हें केवल मुंबई शहर में ही चुनिंदा तरीके से लागू किया जा रहा है।