Mumbai में जल संकट गहराया, सात झीलों में बचा 7% से कम पानी; BMC ने लागू किए कड़े नियम

Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए आने वाले दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं क्योंकि शहर को पानी देने वाली सात झीलों का स्तर बहुत नीचे गिर गया है। सोमवार सुबह तक इन झीलों में कुल क्षमता का केवल 6.93% पानी ही बचा था। BMC अब पा

Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए आने वाले दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं क्योंकि शहर को पानी देने वाली सात झीलों का स्तर बहुत नीचे गिर गया है। सोमवार सुबह तक इन झीलों में कुल क्षमता का केवल 6.93% पानी ही बचा था। BMC अब पानी बचाने के लिए कड़े कदम उठा रही है क्योंकि शहर के पास अब सिर्फ 40 दिनों का पानी बचा है।

BMC के हाइड्रोलिक इंजीनियर विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, कुल 14,47,363 मिलियन लीटर की क्षमता के मुकाबले अब केवल 1,00,279 मिलियन लीटर पानी बचा है। पिछले साल इसी तारीख को यह स्तर 39.5% था, जो इस बार बहुत कम है। हालांकि हाल ही में बारिश हुई है, लेकिन रविवार के 7.08% के मुकाबले सोमवार को यह घटकर 6.93% पर आ गया।

पानी की कमी को देखते हुए BMC ने कई पाबंदियां लगाई हैं। 15 मई से पूरे शहर में 10% पानी की कटौती की गई है। वहीं 17 जून से औद्योगिक इकाइयों, कमर्शियल बिल्डिंग्स और स्पोर्ट्स क्लबों के लिए 20% कटौती लागू है। कंस्ट्रक्शन साइट्स पर पानी की सप्लाई पूरी तरह बंद कर दी गई है और नए कनेक्शनों पर रोक लगा दी गई है।

झील का नाम पानी का स्तर (29 जून)
Upper Vaitarna 0%
Tansa 0.05%
Bhatsa 5.53%
Middle Vaitarna 11.53%
Modak Sagar 18.47%
Tulsi 24.26%
Vihar 45.13%

IMD ने 2 जुलाई तक मुंबई और ठाणे समेत आसपास के इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी दी है और महाराष्ट्र के कई जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिक अक्षय देओरस का कहना है कि आने वाली बारिश से शायद झीलों के स्तर में बहुत बड़ा सुधार न हो पाए। विशेषज्ञों का मानना है कि El Niño और ग्लोबल वार्मिंग की वजह से मानसून इस बार अनियमित रहा है और मुंबई में मानसून 11 जून की जगह 23 जून को आया।

इस संकट का असर ठाणे में भी दिख रहा है। ठाणे नगर निगम (TMC) ने बताया है कि वॉटर रिसोर्सेज विभाग के आदेश पर 1 जुलाई सुबह 9 बजे से 2 जुलाई सुबह 9 बजे तक शहर के कई हिस्सों में पानी की सप्लाई बंद रहेगी।