Mumbai में गहराया जल संकट, झीलों में बचा सिर्फ 40 दिन का पानी; BMC ने लगाया कड़ा वाटर कट
Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए आने वाले दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं। शहर को पानी देने वाली सात झीलों का जलस्तर बहुत नीचे गिर गया है, जिससे अब केवल 40 दिनों का पानी बचा है। मानसून में देरी और एल नीनो के असर की वजह से
Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए आने वाले दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं। शहर को पानी देने वाली सात झीलों का जलस्तर बहुत नीचे गिर गया है, जिससे अब केवल 40 दिनों का पानी बचा है। मानसून में देरी और एल नीनो के असर की वजह से यह गंभीर स्थिति पैदा हुई है, जिससे आम जनता की रोजमर्रा की जिंदगी पर असर पड़ना तय है।
BMC के हाइड्रोलिक विभाग के मुताबिक, 17 जून 2026 तक झीलों में कुल पानी का स्टॉक सिर्फ 9.33% रह गया है। पिछले साल इसी समय यह 12.27% था। स्थिति इतनी खराब है कि सात झीलों में से एक, Upper Vaitarna, पूरी तरह डेड स्टॉक लेवल पर पहुंच चुकी है। मुंबई को हर दिन करीब 4,664 मिलियन लीटर पानी की जरूरत होती है, लेकिन सामान्य दिनों में केवल 4,100 MLD ही मिल पाता है।
पानी की कमी को देखते हुए म्युनिसिपल कमिश्नर अश्विनी भिड़े ने एक खास मीटिंग की और कड़े कदम उठाए हैं। शहर में 15 मई से पहले ही 10% पानी की कटौती लागू थी, लेकिन अब इसे और सख्त कर दिया गया है।
| क्षेत्र/सेक्टर | नया नियम/कटौती |
|---|---|
| इंडस्ट्रियल और कमर्शियल | 20% पानी की कटौती लागू |
| कंस्ट्रक्शन साइट्स | पानी की सप्लाई पूरी तरह बंद |
| स्विमिंग पूल | पानी की सप्लाई अस्थायी रूप से बंद |
| बॉटलिंग प्लांट्स | सिर्फ कर्मचारियों के पीने के लिए पानी मिलेगा |
| नए कनेक्शन | नए आवेदन फिलहाल पेंडिंग रखे जाएंगे |
BMC ने साफ किया है कि पानी की बर्बादी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। लोगों को सलाह दी गई है कि गाड़ी धोने, गार्डनिंग या सफाई जैसे कामों के लिए टैंकर या बोरवेल के पानी का इस्तेमाल करें। IMD के अनुसार, महाराष्ट्र में 4 जून से 17 जून के बीच बारिश में 79% की भारी कमी रही है और मानसून 25 जून या उसके बाद आने की उम्मीद है। वहीं, ANAROCK ग्रुप का कहना है कि पानी की इस किल्लत से 2026 में पूरे होने वाले करीब 1.43 लाख घरों के काम पर असर पड़ सकता है।