Mumbai और Thane में बारिश का कहर, 24 घंटे के अंदर नदी में डूबे 2 बच्चे
Maharashtra/Mumbai: मुंबई और आसपास के इलाकों में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश ने भारी तबाही मचाई है। इस दौरान ठाणे के भिवंडी में कमवरी नदी में डूबने से दो बच्चों की जान चली गई। मंगलवार को बारिश की रफ्तार थोड़ी कम
Maharashtra/Mumbai: मुंबई और आसपास के इलाकों में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश ने भारी तबाही मचाई है। इस दौरान ठाणे के भिवंडी में कमवरी नदी में डूबने से दो बच्चों की जान चली गई। मंगलवार को बारिश की रफ्तार थोड़ी कम हुई जिससे लोगों को राहत मिली और लोकल ट्रेन व सड़क यातायात सामान्य तौर पर चलने लगा है।
घटनाओं की बात करें तो सोमवार, 6 जुलाई को 10 साल का एक बच्चा घर का कचरा फेंकने कमवरी नदी के पास गया था, जहां उफनते पानी ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। इससे पहले रविवार, 5 जुलाई को 17 साल का एक लड़का अपने दोस्तों के साथ इसी नदी में केकड़े पकड़ने गया था और तेज बहाव में बह गया। इसके अलावा, भिवंडी में ही सोमवार को दोस्तों के साथ खेल रहे 13 साल के मोहम्मद अबुजर नाम का लड़का एक स्टॉर्म वॉटर ड्रेन में बह गया, जिसकी तलाश जारी है।
नवी मुंबई के गाडेश्वर बांध के पास वाघाचीवाड़ी नदी में भी हादसा हुआ। यहां 25 साल के नयन म्हात्रे डूब गए और उन्हें बचाने की कोशिश में उनके दोस्त सुमित पवार (26) भी पानी में खिंचे चले गए, जिनकी बाद में अस्पताल में मौत हो गई। आपदा प्रबंधन मंत्री गिरीश महाजन ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों में मुंबई, पालघर और रायगढ़ में बारिश से जुड़ी घटनाओं में कुल 13 लोगों की मौत हुई है।
IMD ने 7 जुलाई को मुंबई के लिए ‘ऑरेंज’ अलर्ट जारी किया था, जिसमें भारी बारिश और 60-70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना जताई गई थी। इसी वजह से एहतियात के तौर पर मंगलवार को मुंबई के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूल-कॉलेज बंद रखे गए। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (SDMA) ने प्राइवेट ऑफिसों को वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी थी और गैर-जरूरी सरकारी दफ्तरों के लिए आधे दिन की छुट्टी घोषित की थी।
प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। BMC ने लोगों से अनावश्यक बाहर न निकलने और समुद्र तट या जलजमाव वाले इलाकों से दूर रहने की अपील की है। मदद के लिए 1916 हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है। वहीं ठाणे जिला प्रशासन ने सभी किलों, झरनों, बांधों और नदियों जैसे पर्यटक स्थलों पर प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्थिति की समीक्षा की है और इस पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट मंगलवार को सदन में पेश की जाएगी।