Mumbai के सरकारी ब्लड बैंक में बड़ा घोटाला, खून की चोरी मामले में दो अधिकारियों पर FIR दर्ज

Maharashtra: मुंबई के सरकारी Sir JJ Mahanagar Blood Centre में खून की हेराफेरी का एक बड़ा मामला सामने आया है। सरकारी कैंपों से इकट्ठा किए गए खून को निजी ब्लड बैंक में भेजने के आरोप में दो अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज की

Maharashtra: मुंबई के सरकारी Sir JJ Mahanagar Blood Centre में खून की हेराफेरी का एक बड़ा मामला सामने आया है। सरकारी कैंपों से इकट्ठा किए गए खून को निजी ब्लड बैंक में भेजने के आरोप में दो अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। इस मामले ने स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा दिया है और सरकार ने अब सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं।

इस मामले में ब्लड बैंक के मेडिकल डायरेक्टर Dr. Hitesh Pagare और मेडिकल सोशल ऑफिसर Ajay Bhise पर केस दर्ज हुआ है। FDA की जांच में पता चला कि 4 जनवरी 2026 को चिंचपोकली में लगे एक सरकारी कैंप से करीब 50 ब्लड बैग चोरी कर Badlapur के एक प्राइवेट ब्लड बैंक ‘Maya Blood Centre’ भेज दिए गए थे। इस गड़बड़ी के बाद FDA ने 22 से 24 जून 2026 के बीच जांच की, जिसमें नियमों की भारी अनदेखी मिली और ब्लड सेंटर का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया गया।

स्वास्थ्य राज्य मंत्री Meghana Bordikar ने विधान परिषद में बताया कि इस गंभीर लापरवाही के कारण दोनों अधिकारियों की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। FDA कमिश्नर Tukaram Mundhe ने साफ कहा कि खून जीवन बचाने वाली चीज है और इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, Grant Government Medical College के डीन Dr. Ajay Bhandarwar ने स्पष्ट किया कि यह ब्लड सेंटर JJ अस्पताल के कैंपस में जरूर है, लेकिन इसका अस्पताल से कोई लेना-देना नहीं है, इसलिए मरीजों के इलाज पर कोई असर नहीं पड़ेगा।

भविष्य में ऐसी चोरी रोकने के लिए महाराष्ट्र सरकार अब ब्लड पैकेट के लिए QR कोड सिस्टम लागू करेगी, जिससे खून के कलेक्शन से लेकर इस्तेमाल तक की पूरी ट्रैकिंग हो सकेगी। साथ ही, राज्य के सभी सरकारी और प्राइवेट ब्लड सेंटर्स की जांच के आदेश दिए गए हैं। SBTC ने पिछले तीन सालों के सभी रिकॉर्ड्स का ऑडिट करने का फैसला किया है ताकि पता चल सके कि अब तक कितना खून गलत तरीके से बेचा गया है।