Mumbai के सिद्धिविनायक मंदिर में उमड़ी भक्तों की भीड़, दर्शन के लिए लागू हैं नए नियम
Maharashtra: मुंबई के मशहूर सिद्धिविनायक मंदिर में 4 जुलाई 2026 को बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान गणेश के दर्शन करने पहुंचे। भक्तों ने मंदिर में पूजा-अर्चना की और बप्पा का आशीर्वाद लिया। मंदिर में भीड़ को देखते हुए प्रश
Maharashtra: मुंबई के मशहूर सिद्धिविनायक मंदिर में 4 जुलाई 2026 को बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान गणेश के दर्शन करने पहुंचे। भक्तों ने मंदिर में पूजा-अर्चना की और बप्पा का आशीर्वाद लिया। मंदिर में भीड़ को देखते हुए प्रशासन और ट्रस्ट द्वारा खास इंतजाम किए गए थे।
Shree Siddhivinayak Ganapati Temple Trust (SSGTT) ने मंदिर की मर्यादा बनाए रखने के लिए ड्रेस कोड लागू किया है। अब मंदिर परिसर में शॉर्ट स्कर्ट, फटी हुई पैंट या छोटे कपड़े पहनकर आना मना है। भक्तों से यह भी कहा गया है कि वे मंदिर में प्रवेश करने से पहले अपना मोबाइल फोन बंद कर दें और सांस्कृतिक रूप से सही कपड़े पहनें। पर्यावरण को बचाने के लिए अब प्रसाद प्लास्टिक बैग के बजाय कागज के पैकेट में दिया जा रहा है।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मंदिर में ऑनलाइन पूजा बुकिंग की सुविधा भी है, जिसमें गणेश अभिषेक और सत्य विनायक महापूजा जैसे अनुष्ठान शामिल हैं। इसके अलावा, जो लोग मंदिर नहीं पहुंच सकते, उनके लिए ऑनलाइन दर्शन और गुरुजी के साथ व्यक्तिगत दर्शन का विकल्प भी उपलब्ध है। मंदिर में मंगलवार को भीड़ ज्यादा होती है, इसलिए उस दिन भीड़ प्रबंधन के कड़े इंतजाम किए जाते हैं।
मंदिर के कायाकल्प के लिए करीब 500 करोड़ रुपये का पुनर्विकास प्रोजेक्ट शुरू किया गया है। इस प्रोजेक्ट का पहला चरण 26 मई 2026 को मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis और उपमुख्यमंत्री Eknath Shinde ने भूमि पूजन कर शुरू किया था। पहले चरण में 78.01 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिससे मंदिर के प्रवेश द्वार, फर्श, लाइटिंग और 120-124 कारों के लिए दो मंजिला अंडरग्राउंड पार्किंग बनाई जाएगी।
भविष्य की योजनाओं में ‘अन्न दान’ सेवा भी शामिल है, जहां भक्तों को मुफ्त भोजन दिया जाएगा। भीड़ को कम करने के लिए सिद्धि गेट के साथ-साथ रिद्धि गेट जैसा नया एक्सेस पॉइंट भी बनाया जा रहा है। हालांकि, जून 2026 में नर्डुल्ला टैंक ग्राउंड पर पार्किंग बनाने को लेकर स्थानीय लोगों ने विरोध जताया था, क्योंकि वे इस जगह को बच्चों और बुजुर्गों के लिए खुला रखना चाहते हैं। पूरा प्रोजेक्ट 12 से 24 महीने में पूरा होने की उम्मीद है।