Mumbai: बिल्डर की हत्या की साजिश मामले में Shreepati Builder के MD को बड़ी राहत, 19 साल बाद केस बंद

Maharashtra: मुंबई के एक बड़े बिल्डर की हत्या की साजिश से जुड़ा 19 साल पुराना मामला अब पूरी तरह खत्म हो गया है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने Shreepati Builder के मैनेजिंग डायरेक्टर राजेंद्र चतुर्वेदी के खिलाफ दायर आपराधिक मामले म

Maharashtra: मुंबई के एक बड़े बिल्डर की हत्या की साजिश से जुड़ा 19 साल पुराना मामला अब पूरी तरह खत्म हो गया है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने Shreepati Builder के मैनेजिंग डायरेक्टर राजेंद्र चतुर्वेदी के खिलाफ दायर आपराधिक मामले में State CID की ‘B-Summary’ क्लोजर रिपोर्ट को स्वीकार कर लिया है। कोर्ट के इस फैसले के बाद करीब दो दशक से चल रही कानूनी लड़ाई अब समाप्त हो गई है।

यह पूरा मामला फरवरी 2007 का है जब जुहू पुलिस ने हॉलिडे इन होटल के पास चार लोगों को पकड़ा था। आरोप था कि इन लोगों को प्रतिद्वंदी बिल्डर रश्मिकान्त शाह की हत्या के लिए किराए पर लिया गया था और इसमें राजेंद्र चतुर्वेदी की साजिश थी। हालांकि, CID की जांच में यह बात सामने आई कि राजेंद्र चतुर्वेदी के खिलाफ कोई सबूत नहीं मिले। CID ने अपनी रिपोर्ट में इस केस को ‘झूठा और दुर्भावनापूर्ण’ बताया था।

बॉम्बे हाई कोर्ट के जस्टिस ए.एस. गडकरी और जस्टिस कमल खाता की बेंच ने 27 जुलाई 2026 को अपना आदेश जारी किया। कोर्ट ने 30 जनवरी 2013 के उस पुराने आदेश को रद्द कर दिया जिसमें मजिस्ट्रेट ने क्लोजर रिपोर्ट मानने से इनकार कर दिया था। हाई कोर्ट ने साफ कहा कि मजिस्ट्रेट का वह फैसला सबूतों के खिलाफ था।

CID की जांच के दौरान यह भी संकेत मिले कि प्रतिद्वंदी बिल्डर और कुछ पुलिस अधिकारियों के बीच सांठगांठ हो सकती है और चतुर्वेदी को जानबूझकर फंसाया गया था। इस मामले में गड़बड़ी पाए जाने के बाद तत्कालीन एडिशनल कमिश्नर ऑफ पुलिस बिपिन बिहारी समेत सात पुलिसकर्मियों को सस्पेंड भी किया गया था।