Maharashtra: मुंबई में ऑनलाइन शेयर बाजार निवेश के नाम पर दो रिटायर्ड प्रोफेशनल्स से करीब 4 करोड़ रुपये की ठगी हुई है। इन दोनों पीड़ितों ने बांद्रा स्थित वेस्ट साइबर पुलिस स्टेशन में अपनी शिकायत दर्ज कराई है। ठगों ने उन्ह
Maharashtra: मुंबई में ऑनलाइन शेयर बाजार निवेश के नाम पर दो रिटायर्ड प्रोफेशनल्स से करीब 4 करोड़ रुपये की ठगी हुई है। इन दोनों पीड़ितों ने बांद्रा स्थित वेस्ट साइबर पुलिस स्टेशन में अपनी शिकायत दर्ज कराई है। ठगों ने उन्हें फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म और वेबसाइट के जरिए लालच दिया और नकली मुनाफ़ा दिखाकर उनके पैसे हड़प लिए।
ठगी का शिकार कैसे हुए बुजुर्ग
ठगी के इस खेल में एक 64 साल के रिटायर्ड बैंकिंग ऑपरेशंस मैनेजर से 2.53 करोड़ रुपये लिए गए। उन्होंने YouTube पर एक विज्ञापन देखा और एक फर्जी वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन किया, जिसके बाद ‘असद अली’ नाम के व्यक्ति ने अंतरराष्ट्रीय नंबरों से उनसे संपर्क किया। पीड़ित ने कुल 41 ट्रांजेक्शन किए और वेबसाइट पर उन्हें 6.3 करोड़ रुपये का नकली मुनाफा दिखाया गया, लेकिन बाद में उनका फंड फ्रीज कर दिया गया। वहीं, एक 78 साल के रिटायर्ड मैनेजर से दिसंबर 2025 से मई 2026 के बीच 1.42 करोड़ रुपये ठगे गए।
SEBI की चेतावनी और बचाव के तरीके
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) ने निवेशकों को ऐसे फर्जी स्कीमों से बचने की सलाह दी है। SEBI ने स्पष्ट किया है कि वे या स्टॉक एक्सचेंज कभी भी फंड रिलीज करने के लिए अनौपचारिक माध्यमों से टैक्स (STT) नहीं मांगते।
- निवेश से पहले संस्था का रजिस्ट्रेशन स्टेटस जरूर चेक करें।
- केवल SEBI रजिस्टर्ड इंटरमीडियरी के असली ट्रेडिंग ऐप का इस्तेमाल करें।
- सावधान रहें क्योंकि ठग YouTube, WhatsApp और Telegram पर SEBI अधिकारियों का रूप धर लेते हैं।
- असली कॉल्स की पहचान के लिए SEBI ने रजिस्टर्ड संस्थाओं को ‘1600’ फोन नंबर सीरीज इस्तेमाल करने को कहा है।
साइबर फ्रॉड की रिपोर्ट कैसे करें
पुलिस के मुताबिक ठग पहले छोटे मुनाफे दिखाकर भरोसा जीतते हैं और फिर बड़ी रकम निवेश करवाते हैं। अगर आपके साथ भी ऐसी कोई धोखाधड़ी होती है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
शेयर बाजार के नाम पर होने वाले इन फ्रॉड से कैसे बचें?
हमेशा SEBI रजिस्टर्ड निवेश सलाहकारों का ही उपयोग करें और ‘SEBI Check’ टूल से उनकी जांच करें। किसी भी अनजान व्यक्ति द्वारा WhatsApp या Telegram पर दिए गए टिप्स पर भरोसा न करें और संदिग्ध वेबसाइटों पर पैसे जमा न करें।
साइबर ठगी होने पर सबसे पहले क्या करना चाहिए?
साइबर ठगी होने पर बिना देरी किए भारत सरकार के नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या आधिकारिक पोर्टल cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं ताकि पैसों को फ्रीज कराने की कोशिश की जा सके।