Mumbai में भारी बारिश का कहर, Mankhurd में बिल्डिंग गिरने से 5 बच्चों समेत 6 की मौत

Maharashtra/Mumbai: मुंबई में रिकॉर्ड तोड़ बारिश ने भारी तबाही मचाई है। मानखुर्द के जनता नगर इलाके में एक तीन मंजिला चाल गिर गई, जिसमें एक महिला और पांच बच्चों की जान चली गई। मलबे में और भी लोगों के दबे होने की आशंका है,

Maharashtra/Mumbai: मुंबई में रिकॉर्ड तोड़ बारिश ने भारी तबाही मचाई है। मानखुर्द के जनता नगर इलाके में एक तीन मंजिला चाल गिर गई, जिसमें एक महिला और पांच बच्चों की जान चली गई। मलबे में और भी लोगों के दबे होने की आशंका है, जिसके बाद बचाव कार्य जारी है।

यह हादसा रविवार रात 5 जुलाई को हुआ। मरने वालों में अलीया (7), मुस्कान (14), निहाल (6), नाबिया (2), मुनाफ (7) और सोनी (32) शामिल हैं। आपदा प्रबंधन मंत्री गिरीश महाजन ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों में मुंबई, पालघर और रायगढ़ जिलों में बारिश से जुड़ी घटनाओं में कुल 13 लोगों की मौत हो चुकी है। इनमें बिल्डिंग गिरने के अलावा पेड़ गिरने से हुई मौतें भी शामिल हैं। 30 जून को एक स्कूल बस पर पेड़ गिरने से 11 साल के बच्चे की मौत हुई थी।

बारिश के आंकड़े बताते हैं कि मुंबई में हालात कितने गंभीर हैं। IMD के मुताबिक कुछ इलाकों में 24 घंटे के भीतर 200 मिलीमीटर से ज्यादा बारिश हुई, जबकि रविवार को कुछ जगह 300 मिलीमीटर से अधिक पानी गिरा। लोनावला में 670 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि मुंबई ने जुलाई महीने की औसत बारिश का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा सिर्फ पहले चार दिनों में ही प्राप्त कर लिया है।

खराब मौसम को देखते हुए IMD ने मुंबई, ठाणे और रायगढ़ के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है। मौसम विभाग ने तेज हवाओं और भारी बारिश की चेतावनी दी है, जिससे निचले इलाकों में बाढ़ और भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। मेयर रितु तावड़े ने लोगों से घरों के अंदर रहने की अपील की है।

प्रशासन ने एहतियात के तौर पर सोमवार 6 जुलाई को मुंबई, ठाणे, पालघर और पुणे के सभी स्कूलों और कॉलेजों में छुट्टी घोषित कर दी थी। सरकारी दफ्तरों में आधे दिन का काम रहा और प्राइवेट ऑफिसों को वर्क फ्रॉम होम लागू करने की सलाह दी गई। भारी बारिश के कारण महाराष्ट्र विधान परिषद की कार्यवाही को भी स्थगित करना पड़ा।

इस भारी बारिश ने शहर की रफ्तार रोक दी है। मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे और पुराने हाईवे पर भूस्खलन के कारण ट्रैफिक बंद रहा। एयरपोर्ट पर कई उड़ानें रद्द हुईं और देरी से चलीं। शहर भर में पेड़ गिरने की 200 से ज्यादा घटनाएं सामने आई हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को अगले 48 घंटों तक हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं और नासिक में क्लाउडबर्स्ट जैसी स्थिति की चेतावनी दी है।