Mumbai के मशहूर Parsi Dairy Farm का लाइसेंस रद्द, FDA की छापेमारी में मिलीं भारी कमियां
Maharashtra: मुंबई के मशहूर Parsi Dairy Farm को बड़ा झटका लगा है। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) ने इस डेयरी का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई मंगलवार और बुधवार को चलाए गए एक बड़े राज्यव्यापी अभिय
Maharashtra: मुंबई के मशहूर Parsi Dairy Farm को बड़ा झटका लगा है। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) ने इस डेयरी का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई मंगलवार और बुधवार को चलाए गए एक बड़े राज्यव्यापी अभियान के दौरान की गई, जिसका मकसद लोगों को सुरक्षित खाना और दूध उपलब्ध कराना है।
FDA कमिश्नर Tukaram Mundhe के नेतृत्व में ‘Safe Food, Safe Maharashtra’ कैंपेन चलाया जा रहा है। जांच के दौरान Parsi Dairy Farm के Princess Street यूनिट में साफ-सफाई और फूड सेफ्टी के गंभीर उल्लंघन पाए गए। अधिकारियों ने पाया कि वहां दीवारों पर फफूंद लगी थी, कच्चा माल सीधे जमीन पर रखा था और परिसर में कीड़े-मकोड़े और चूहों का आतंक था। इसके अलावा, कई डेयरी प्रोडक्ट्स पर एक्सपायरी डेट नहीं लिखी थी और ड्रेनेज सिस्टम भी टूटा हुआ था। स्टाफ के मेडिकल रिकॉर्ड अधूरे मिले और डिलीवरी वाहनों की सफाई का भी कोई पुख्ता इंतजाम नहीं था।
इस छापेमारी के दौरान केवल Parsi Dairy Farm ही नहीं, बल्कि मुंबई के कई अन्य बड़े नामों पर भी गाज गिरी है। K Rustom आइसक्रीम पार्लर, नूरमोहम्मदी होटल, शालिमार और रहmania रेस्टोरेंट जैसे Establishments के खिलाफ भी कार्रवाई हुई है। कमिश्नर Tukaram Mundhe ने साफ कहा है कि महाराष्ट्र में इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमों का पालन न करने वालों पर एक्शन जारी रहेगा।
दो दिनों तक चले इस अभियान में पूरे राज्य में 24 छापेमारी की गई, जिसमें करीब 1.90 करोड़ रुपये का मिलावटी और असुरक्षित सामान जब्त किया गया। जब्त किए गए सामान का विवरण नीचे दिया गया है:
| सामान | मात्रा/कीमत |
|---|---|
| दूध | 2,317 लीटर से ज्यादा |
| मिलावट वाला खाद्य तेल | 30 लीटर |
| डेयरी प्रोडक्ट्स | 6,849.25 किलोग्राम (कीमत ₹45.78 लाख) |
| गुटखा और पान मसाला | ₹1.37 करोड़ की जब्ती |
इस कार्रवाई के बाद 11 FIR दर्ज की गई हैं और 16 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। Parsi Dairy Farm के प्रवक्ता ने कहा है कि कंपनी FSSAI की तकनीकी कमियों को दूर करने की प्रक्रिया में है। सरकार ने अब अखबारों में खाना परोसने पर रोक लगा दी है और सभी फूड बिजनेस के लिए FSSAI लाइसेंस और स्टाफ की नियमित मेडिकल जांच अनिवार्य कर दी है। आम जनता किसी भी शिकायत के लिए complaints.mahafda.in पोर्टल का इस्तेमाल कर सकती है।