Maharashtra: मुंबई की एक स्पेशल कोर्ट ने 17 साल की नाबालिग लड़की के साथ छेड़छाड़ करने वाले 37 साल के एक ड्राइवर को सजा सुनाई है। आरोपी ने करीब 10 साल पहले लड़की के घर में घुसकर इस वारदात को अंजाम दिया था। कोर्ट ने आरोपी
Maharashtra: मुंबई की एक स्पेशल कोर्ट ने 17 साल की नाबालिग लड़की के साथ छेड़छाड़ करने वाले 37 साल के एक ड्राइवर को सजा सुनाई है। आरोपी ने करीब 10 साल पहले लड़की के घर में घुसकर इस वारदात को अंजाम दिया था। कोर्ट ने आरोपी को तीन साल के कठोर कारावास और 6,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
क्या था पूरा मामला और कोर्ट की टिप्पणी
यह घटना 11 नवंबर 2016 की है जब आरोपी ड्राइवर पीड़ित लड़की के घर में जबरन घुसा और उसके साथ गलत हरकत की। स्पेशल जज R.J. Pawar ने कहा कि यह कोई गलती से हुआ स्पर्श नहीं था, बल्कि जानबूझकर किया गया कृत्य था। कोर्ट ने माना कि इस अपराध ने नाबालिग के मानसिक स्वास्थ्य और गरिमा को गहरी चोट पहुंचाई है।
कैसे साबित हुआ आरोपी का गुनाह
केस के दौरान स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर Geeta Sharma ने सबूत पेश किए। दिलचस्प बात यह रही कि घटना के समय लड़की के पालतू कुत्ते ने आरोपी पर हमला कर दिया था, जिससे वह वहां से भाग निकला। आरोपी ने दावा किया था कि उसे झूठे केस में फंसाया गया है, लेकिन कोर्ट ने इस बात का कोई सबूत नहीं पाया।
सजा और कानूनी प्रावधान
कोर्ट ने आरोपी के परिवार का एकमात्र कमाने वाला होने और पुराने आपराधिक रिकॉर्ड न होने की बात सुनी, लेकिन अपराध की गंभीरता को देखते हुए सजा बरकरार रखी। इस तरह के मामले IPC की धारा 354 और 354A के साथ-साथ POCSO एक्ट, 2012 के तहत आते हैं, जिनमें कड़ी सजा का प्रावधान है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
आरोपी को कितनी सजा और जुर्माना मिला है?
मुंबई की स्पेशल कोर्ट ने आरोपी ड्राइवर को 3 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है और साथ ही 6,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
यह घटना कब की है और कोर्ट ने क्या कहा?
यह घटना 11 नवंबर 2016 की है। जज R.J. Pawar ने कहा कि यह कृत्य जानबूझकर किया गया था और यह नाबालिग की गरिमा और मर्यादा के खिलाफ था।