Mumbai में पहली बारिश से ही जलभराव, जाम मैनहोल ने बढ़ाई मुसीबत; Andheri Subway बंद

Maharashtra: मुंबई में मानसून की पहली भारी बारिश ने शहर की रफ्तार रोक दी है। 23 और 24 जून को हुई मूसलाधार बारिश की वजह से कई इलाकों में पानी भर गया, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय निवासियों का

Maharashtra: मुंबई में मानसून की पहली भारी बारिश ने शहर की रफ्तार रोक दी है। 23 और 24 जून को हुई मूसलाधार बारिश की वजह से कई इलाकों में पानी भर गया, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नालों और मैनहोल की सफाई सही से नहीं हुई, जिसकी वजह से पानी की निकासी नहीं हो पाई और सड़कों पर सैलाब आ गया।

मौसम विभाग (IMD) ने 24 जून की सुबह 4 बजे मुंबई और पालघर के लिए Red Alert जारी किया था, जिसे बाद में घटाकर Orange Alert कर दिया गया। मुंबई के मालवणी जैसे इलाकों में 24 घंटे के भीतर 340 mm तक बारिश दर्ज की गई। इस भारी बारिश का सबसे ज्यादा असर Andheri Subway और Everard Nagar Subway पर पड़ा, जिन्हें सुरक्षा कारणों से बंद करना पड़ा।

बीएमसी (BMC) के अधिकारी ऋतिक और रॉबर्ट ने स्वीकार किया कि अंधेरी सबवे में जलभराव एक पुरानी समस्या है और इसका कोई स्थायी समाधान अभी तक नहीं मिल पाया है। हालांकि, बीएमसी ने स्थिति को संभालने के लिए 7,000 से ज्यादा कर्मचारियों को तैनात किया और पानी निकालने के लिए पंपिंग स्टेशन चालू किए। दादर स्टेशन, किंग सर्कल, हिंदमाता जंक्शन और मालाड सबवे जैसे निचले इलाकों में भी काफी पानी जमा हुआ।

बारिश का असर रेल सेवाओं पर भी दिखा। सेंट्रल रेलवे ने बताया कि ट्रांस-हार्बर लाइन की पटरियों को नुकसान पहुँचा है, जिसकी वजह से 24 ट्रेनों को रद्द करना पड़ा। बाद में स्पीड लिमिट तय करके ट्रेनों का संचालन फिर से शुरू किया गया।

बता दें कि मानसून आने से पहले 2 जून को कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने बीएमसी कमिश्नर से गटर की सफाई और सिल्टिंग का काम अधूरा होने की शिकायत की थी। उन्होंने चेतावनी दी थी कि अगर काम समय पर पूरा नहीं हुआ, तो शहर में जलभराव की गंभीर समस्या हो सकती है।