Mumbai में पेड़ गिरने से बच्चे की मौत, मेयर ने BMC की जांच रिपोर्ट को नकारा; कहा- 7 लाख रुपये से नहीं मिलेगा इंसाफ

Maharashtra/Mumbai: चेंबूर में एक पेड़ गिरने से 11 साल के विहान श्रीवास्तव की मौत हो गई थी। इस हादसे के बाद BMC ने अपनी जांच रिपोर्ट में अपने अधिकारियों को क्लीन चिट दे दी, लेकिन मुंबई मेयर रितु तावडे ने इसे पूरी तरह खार

Maharashtra/Mumbai: चेंबूर में एक पेड़ गिरने से 11 साल के विहान श्रीवास्तव की मौत हो गई थी। इस हादसे के बाद BMC ने अपनी जांच रिपोर्ट में अपने अधिकारियों को क्लीन चिट दे दी, लेकिन मुंबई मेयर रितु तावडे ने इसे पूरी तरह खारिज कर दिया है। मेयर का कहना है कि केवल जुर्माना लगाने से मासूम बच्चे को इंसाफ नहीं मिलेगा।

बीएमसी की तीन सदस्यीय जांच समिति ने सोमवार, 13 जुलाई 2026 को अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। इस रिपोर्ट में बीएमसी के गार्डन और रोड विभाग को क्लीन चिट दे दी गई। समिति ने सड़क बनाने वाली कंपनी Gawar Construction Ltd और सुपरवाइजिंग कंसल्टेंट Mahimtura Consultants को लापरवाही का जिम्मेदार ठहराया। रिपोर्ट में ठेकेदार पर 5 लाख रुपये और कंसल्टेंट पर 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाने की सिफारिश की गई है। समिति ने यह भी कहा कि भारी बारिश और तेज हवाओं की वजह से शहर में कई पेड़ गिरे थे, इसलिए ठेकेदार को पूरी तरह जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।

मंगलवार को मेयर रितु तावडे ने इस रिपोर्ट को अस्वीकार्य बताया। उन्होंने कहा कि इस हादसे की असली जिम्मेदारी साइट इंजीनियर और गार्डन विभाग की थी, जिन्हें मिलकर काम करना चाहिए था। मेयर ने मांग की है कि ठेकेदार और कंसल्टेंट पर केवल जुर्माना न लगाकर उन पर गैर-इरादतन हत्या (culpable homicide) का आपराधिक मामला दर्ज किया जाए। उन्होंने यह भी जिक्र किया कि उन्होंने पहले भी कई दौरों के दौरान पेड़ों की कमजोर हालत के बारे में बताया था।

इस मामले में राजनीतिक घमासान भी शुरू हो गया है। शिवसेना (UBT) की नेता किशोरी पेडनेकर ने बीएमसी प्रशासन पर सच दबाने और जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया है। वहीं बीजेपी नेता चित्रा वाघ ने भी अधिकारियों को क्लीन चिट दिए जाने पर सवाल उठाए हैं और एक स्वतंत्र जांच की मांग की है।

मृतक विहान के दादा प्रेम गौर ने इस रिपोर्ट को बड़ा अन्याय बताया है। परिवार ने संकेत दिए हैं कि वे दोषियों के खिलाफ कानूनी रास्ता अपना सकते हैं। परिवार ने यह भी कहा कि उन्हें मिलने वाले किसी भी मुआवजे का इस्तेमाल विहान की याद में किसी सामाजिक कार्य के लिए किया जाएगा। दूसरी ओर, बीएमसी कमिश्नर अश्विनी भिडे ने भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए शहरी पेड़ सुरक्षा के लिए नए नियम (SOP) लागू करने के निर्देश दिए हैं।