Mumbai के युवक ने 3 बार H-1B वीजा रिजेक्ट होने के बाद जीता US का O-1 वीजा, 700 पन्नों की फाइल और 13 हजार डॉलर का खर्च
Maharashtra: मुंबई के एक 29 साल के डेटा एनालिटिक्स प्रोफेशनल सोहन सेठी ने अपनी मेहनत और सही रणनीति से अमेरिका का O-1 वीजा हासिल कर लिया है। सोहन ने H-1B वीजा की लॉटरी में तीन बार किस्मत आजमाई थी लेकिन उन्हें सफलता नहीं म
Maharashtra: मुंबई के एक 29 साल के डेटा एनालिटिक्स प्रोफेशनल सोहन सेठी ने अपनी मेहनत और सही रणनीति से अमेरिका का O-1 वीजा हासिल कर लिया है। सोहन ने H-1B वीजा की लॉटरी में तीन बार किस्मत आजमाई थी लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने हार नहीं मानी और अपनी काबिलियत के दम पर एक ऐसा रास्ता चुना जिसमें लॉटरी का कोई चक्कर नहीं था।
सोहन ने यूनिवर्सिटी ऑफ इलिनोइस शिकागो से अपनी मास्टर डिग्री पूरी की थी और एक हेल्थकेयर कंपनी में सीनियर बिजनेस एनालिस्ट के तौर पर काम कर रहे थे। साल 2024 और मार्च 2025 तक उनके H-1B वीजा के आवेदन रिजेक्ट हो गए। इसके बाद उन्होंने जून 2025 से O-1 वीजा की तैयारी शुरू की। यह वीजा उन लोगों को मिलता है जिनके पास अपने क्षेत्र में असाधारण क्षमता (extraordinary ability) होती है और जिन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली हो।
इस पूरी प्रक्रिया में सोहन ने अपनी उपलब्धियों को साबित करने के लिए 700 पन्नों का आवेदन तैयार किया। उन्होंने इसके लिए करीब 13,000 डॉलर की कानूनी फीस भी चुकाई। उन्होंने अपनी प्रोफाइल बनाने के लिए मीडिया कवरेज, इंडस्ट्री इवेंट्स में जज बनना, पुरस्कार जीतना और स्कॉलरली आर्टिकल लिखने जैसे काम किए।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| तैयारी का समय | करीब एक साल (जून 2025 से शुरू) |
| कुल दस्तावेज | 700 पन्नों का आवेदन |
| कानूनी खर्च | 13,000 डॉलर |
| वीजा प्रकार | O-1 (Extraordinary Ability) |
| मंजूरी का समय | आवेदन के 15 दिन बाद |
| वीजा मंजूरी तारीख | जून 2026 |
अमेरिकी नागरिकता और आप्रवासन सेवा (USCIS) के नियमों के मुताबिक O-1 वीजा के लिए आवेदक को आठ में से कम से कम तीन मानदंडों को पूरा करना होता है। सोहन ने अपनी रणनीति के तहत पहले महीने उपलब्धियों का ऑडिट किया, दूसरे महीने प्रोफाइल बनाई और तीसरे महीने आवेदन किया। उनकी यह कहानी Business Insider और Indian Express द्वारा अगस्त 2026 में साझा की गई।