Maharashtra: मुंबई की Malad Police ने सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन लोगों पर आरोप है कि उन्होंने चमत्कार के जरिए बीमारियों को ठीक करने का दावा किया था। पुलिस ने यह कार्रवाई महाराष्ट्र के 2013 के अंधविश्वास वि
Maharashtra: मुंबई की Malad Police ने सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इन लोगों पर आरोप है कि उन्होंने चमत्कार के जरिए बीमारियों को ठीक करने का दावा किया था। पुलिस ने यह कार्रवाई महाराष्ट्र के 2013 के अंधविश्वास विरोधी कानून के तहत की है। यह पूरा मामला तब सामने आया जब एक महिला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
यह पूरा मामला क्या है और FIR कैसे हुई?
एक हाउसवाइफ ने शिकायत की कि 8 मई 2026 को महिलाओं का एक ग्रुप उनके घर आया था। महिला ने उन्हें बताया कि वह हाइपोथायराइड और हाइपरटेंशन की बीमारी से जूझ रही हैं। तब इन लोगों ने दावा किया कि वे चमत्कार से इन बीमारियों को ठीक कर सकते हैं। इस शिकायत के बाद 12 मई 2026 को Malad Police ने सात आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज की।
अंधविश्वास विरोधी कानून 2013 में क्या प्रावधान हैं?
यह मामला ‘महाराष्ट्र नरबलि और अन्य अमानवीय, Evil और अघोरी प्रथाओं और काले जादू निवारण अधिनियम, 2013’ के तहत दर्ज किया गया है। इस कानून के तहत काले जादू और अंधविश्वास के नाम पर इलाज करने जैसी गतिविधियों को अपराध माना गया है। इसमें दोषी पाए जाने पर 6 महीने से लेकर 7 साल तक की जेल और 5,000 से 50,000 रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। ये सभी अपराध गैर-जमानती हैं।
कानून के लागू होने और वर्तमान स्थिति पर क्या अपडेट है?
महाराष्ट्र Andhashraddha Nirmoolan Samiti (MANS) के हामिद दाभोलकर ने कहा है कि कानून बनने के 12 साल बाद भी इसके प्रभावी कार्यान्वयन के लिए विस्तृत नियम अभी भी लंबित हैं। उन्होंने राज्य सरकार से इन नियमों को जल्द बनाने और ज्योतिषियों को भी इसके दायरे में लाने की मांग की है। वरिष्ठ IPS अधिकारियों ने माना है कि गाइडलाइंस न होने से पुलिस को कार्रवाई करने में दिक्कत आती है। अप्रैल और मई 2026 में राज्य भर में ऐसे करीब एक दर्जन मामले सामने आए हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
अंधविश्वास विरोधी कानून 2013 के तहत कितनी सजा हो सकती है?
इस कानून के तहत दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति को 6 महीने से लेकर 7 साल तक की जेल हो सकती है और 5,000 से 50,000 रुपये तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है।
मुंबई के इस मामले में शिकायत किसने की थी?
इस मामले में एक हाउसवाइफ ने शिकायत दर्ज कराई थी, जिन्हें आरोपियों ने अपनी बीमारियों (हाइपोथायराइड और हाइपरटेंशन) को चमत्कार से ठीक करने का वादा किया था।