Mumbai में अंग दाताओं के परिजनों को मिलेगी राहत, अब प्राइवेट अस्पताल में ही होगा पोस्टमार्टम

Maharashtra/Mumbai: मुंबई में अंग दान करने वाले परिवारों के लिए एक बड़ी राहत मिली है। अब अंग निकालने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल ले जाने की मजबूरी कम होगी। JJ Hospital की फॉरेंसिक टीम ने पहली बार एक प्

Maharashtra/Mumbai: मुंबई में अंग दान करने वाले परिवारों के लिए एक बड़ी राहत मिली है। अब अंग निकालने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल ले जाने की मजबूरी कम होगी। JJ Hospital की फॉरेंसिक टीम ने पहली बार एक प्राइवेट अस्पताल में जाकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की है, जिससे शोक संतप्त परिवारों का इंतजार कम हो सके।

यह पूरा मामला 26 जून 2026 का है, जब JJ Hospital की टीम ने गिरगांव स्थित H N Reliance Hospital में दो मृतकों का पोस्टमार्टम किया। आमतौर पर अंग दान के बाद पोस्टमार्टम के लिए शव को सरकारी अस्पताल ले जाना पड़ता है और पुलिस की कागजी कार्रवाई में घंटों लग जाते हैं। इस नई पहल से अब यह काम उसी अस्पताल में हो सकेगा जहाँ अंग निकाले गए थे।

Zonal Transplant Coordination Centre (ZTCC) के अध्यक्ष डॉ. सुरेंद्र माथुर ने बताया कि इस तरीके से अंग दाताओं के परिवारों का समय बचेगा। उन्होंने कहा कि मुंबई में ऐसा दूसरी बार हुआ है, इससे पहले ठाणे के एक अस्पताल में ऐसा किया गया था। तमिलनाडु में यह सिस्टम पहले से ही लागू है जिससे वहां परिवारों को काफी मदद मिलती है।

H N Reliance Hospital के CEO डॉ. तरंग ज्ञानचंदानी ने इस समन्वय के लिए JJ Hospital के डीन डॉ. अजय भंडारवार और मुंबई पुलिस कमिश्नर देवेन भारती का शुक्रिया अदा किया है। उनका मानना है कि अगर सरकारी और प्राइवेट अस्पताल मिलकर काम करेंगे, तो अंग दान की प्रक्रिया और मजबूत होगी।

मुंबई में इस समय अंगों की भारी कमी है। लगभग 5,000 मरीज ट्रांसप्लांट का इंतजार कर रहे हैं, जिनमें से सिर्फ 10 प्रतिशत लोगों को ही डोनर मिल पाते हैं। भारत दुनिया में ट्रांसप्लांट के मामले में तीसरे नंबर पर है, फिर भी स्थानीय स्तर पर अंगों की कमी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। यह पूरी प्रक्रिया ‘Transplantation of Human Organs Act’ के नियमों के तहत की गई है।