Maharashtra: मुंबई की गोराई पुलिस ने एक ऐसे गैंग का भंडाफोड़ किया है जो सोशल मीडिया के जरिए पुरुषों को फंसाकर उनसे लूटपाट करता था। इस गैंग ने एक 43 साल के बैंक मैनेजर को अपना शिकार बनाया और करीब 4.20 लाख रुपये लूट लिए। प
Maharashtra: मुंबई की गोराई पुलिस ने एक ऐसे गैंग का भंडाफोड़ किया है जो सोशल मीडिया के जरिए पुरुषों को फंसाकर उनसे लूटपाट करता था। इस गैंग ने एक 43 साल के बैंक मैनेजर को अपना शिकार बनाया और करीब 4.20 लाख रुपये लूट लिए। पुलिस ने इस मामले में दो महिलाओं को गिरफ्तार किया है, जो पेशेवर अपराधी बताई जा रही हैं।
कैसे दिया वारदात को अंजाम
पीड़ित बैंक मैनेजर वर्ली के रहने वाले हैं और लोअर परेल ब्रांच में तैनात हैं। जुलाई 2025 में उनकी मुलाकात एक महिला से सोशल नेटवर्किंग ऐप के जरिए हुई थी। 30 अगस्त 2025 को पीड़ित दोनों महिलाओं के साथ गोराई के एक रिसॉर्ट में रात बिताने गए थे। वहां उन्हें नशीला पदार्थ पिलाकर बेहोश कर दिया गया और उनके 4.20 लाख रुपये के कीमती सामान चोरी कर लिए गए। सामाजिक बदनामी के डर से पीड़ित ने तुरंत शिकायत नहीं की, लेकिन मार्च 2026 में जब उन्हें ऐसी ही अन्य वारदातों का पता चला, तब उन्होंने पुलिस को जानकारी दी।
कौन हैं गिरफ्तार आरोपी महिलाएं
गोराई पुलिस ने इस मामले में मालाड के मालवणी इलाके की रहने वाली दो महिलाओं को गिरफ्तार किया है। उनकी जानकारी नीचे दी गई है:
| नाम |
उम्र |
पता |
| हानी ठाकुर उर्फ बिमलादेवी श्रवणकुमार सिंह |
30 वर्ष |
मालवणी, मालाड |
| रूथ लुकास नायडू |
28 वर्ष |
मालवणी, मालाड |
पुलिस के मुताबिक ये दोनों महिलाएं आदतन अपराधी हैं और इनके खिलाफ मीरा-भयंदर और वसई-विरार पुलिस कमिश्नरेट में पहले से कई मामले दर्ज हैं।
पुलिस की जांच और कार्रवाई
इस पूरे मामले की जांच DCP संदीप जाधव (ज़ोन XI), सीनियर इंस्पेक्टर महेश निवटकर और PSI भारत पौल की देखरेख में की गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह गैंग पेशेवर तरीके से काम करता था और होटल या रिसॉर्ट में पुरुषों को बुलाकर उन्हें नशीला पदार्थ देता था। गिरफ्तार महिलाओं को अब जुडिशियल कस्टडी में भेज दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गैंग ने और कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है जिन्होंने डर की वजह से रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई।