Maharashtra: मुंबई शहर अब भारत के सबसे अमीर लोगों का सबसे बड़ा केंद्र बन गया है। एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, देश के कुल अल्ट्रा-हाई-नेट-वर्थ (UHNW) आबादी का 35.4% हिस्सा अकेले मुंबई में रहता है। शहर में दौलत कमाने के नए तर
Maharashtra: मुंबई शहर अब भारत के सबसे अमीर लोगों का सबसे बड़ा केंद्र बन गया है। एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, देश के कुल अल्ट्रा-हाई-नेट-वर्थ (UHNW) आबादी का 35.4% हिस्सा अकेले मुंबई में रहता है। शहर में दौलत कमाने के नए तरीकों और बिजनेस ग्रोथ की वजह से अमीरों की संख्या तेजी से बढ़ी है, जिसका सीधा असर यहां के रियल एस्टेट मार्केट पर दिख रहा है।
मुंबई में कितनी बढ़ी अमीरों की संख्या और दौलत?
Hurun Global Rich List 2026 के मुताबिक, मुंबई अब भारत का सबसे अमीर शहर है। यहां अमीरों की स्थिति कुछ इस तरह है:
- मुंबई में करीब 95 अरबपति रहते हैं।
- साल 2026 में मुंबई ने 15 नए अरबपति जोड़े, जो न्यूयॉर्क (14) और लंदन (9) से भी ज्यादा है।
- मार्च 2024 के डेटा के अनुसार, शहर के अरबपतियों की कुल संपत्ति 47% बढ़कर 445 बिलियन डॉलर तक पहुंच गई।
- सबसे ज्यादा पैसा एनर्जी, फार्मा और फाइनेंशियल सर्विसेज जैसे सेक्टर से आया है।
लग्जरी घरों की कीमतों में कितना उछाल आया?
शहर में अमीर लोगों की बढ़ती संख्या की वजह से आलीशान मकानों की मांग बहुत बढ़ गई है। लोग अब बड़े घर और हाई-राइज बिल्डिंग्स को ज्यादा पसंद कर रहे हैं।
| इलाका/विवरण |
कीमत/अनुमान |
| Worli के प्रीमियम टावर |
₹65,000 से ₹1,00,000+ प्रति स्क्वायर फुट |
| प्रॉपर्टी मार्केट अनुमान (2030 तक) |
1 ट्रिलियन USD |
| सालाना कीमत बढ़ोत्तरी |
5% से 7% (अगले 3 साल) |
डेवलपर्स अब प्रीमियम प्रोजेक्ट्स पर ज्यादा ध्यान दे रहे हैं क्योंकि इसमें मुनाफा ज्यादा है। हालांकि, कीमतों में इस तेजी की वजह से आम आदमी के लिए घर खरीदना और किराया देना मुश्किल होता जा रहा है।
भारत में अमीरों की बढ़ती संख्या का क्या कारण है?
McKinsey और Knight Frank की रिपोर्ट्स के अनुसार, 2023 से 2028 के बीच भारत में अल्ट्रा-वेल्थी लोगों की आबादी 50% तक बढ़ सकती है। इसके पीछे कई बड़े कारण हैं जैसे स्टार्टअप्स का बढ़ना, शेयर बाजार में मजबूती, डिजिटल इनोवेशन और रिन्यूएबल एनर्जी में निवेश। सितंबर 2024 तक भारत के इन अमीर लोगों की कुल संपत्ति 1.89 ट्रिलियन डॉलर (करीब 159 लाख करोड़ रुपये) से ज्यादा हो गई है।