Maharashtra: मुंबई से गोवा जाने वाले लोगों के लिए NH-66 का सफर अभी भी पूरी तरह आसान नहीं हुआ है। हाल ही में इस हाईवे पर सफर करने वाले यात्रियों ने बताया कि कई जगहों पर काम अधूरा होने की वजह से भारी जाम लग रहा है। खासकर म
Maharashtra: मुंबई से गोवा जाने वाले लोगों के लिए NH-66 का सफर अभी भी पूरी तरह आसान नहीं हुआ है। हाल ही में इस हाईवे पर सफर करने वाले यात्रियों ने बताया कि कई जगहों पर काम अधूरा होने की वजह से भारी जाम लग रहा है। खासकर मुंबई-रत्नागिरी वाले हिस्से में ‘चोक पॉइंट्स’ की वजह से समय काफी बर्बाद हो रहा है।
हाईवे पर कहां लग रहा है सबसे ज्यादा जाम
सफर करने वाले लोगों के मुताबिक, संगमेश्वर में करीब 45 मिनट और Mangaon में एक घंटे तक का जाम मिल रहा है। Indapur में भी करीब 30 मिनट तक गाड़ियां रुकी रहती हैं। मुंबई से Mangaon के बीच सड़क काफी उबड़-खाबड़ है, हालांकि Mangaon के बाद सड़क की हालत बेहतर और सफर सुखद हो जाता है। कुछ यात्रियों का कहना है कि Panvel-Kolad सेक्शन में बहुत बड़े स्पीड ब्रेकर हैं जिससे गाड़ी चलाने में दिक्कत आती है।
काम कब तक पूरा होगा और क्या है सरकारी अपडेट
इस हाईवे को लेकर समय सीमा कई बार बदली गई है। पहले इसे दिसंबर 2023 तक पूरा करने की बात कही गई थी, लेकिन अब NHAI और PWD ने इसकी डेडलाइन 2027 तक बढ़ा दी है। लोक निर्माण मंत्री शिवेंद्र राजे भोसले ने मार्च 2025 में कहा था कि काम 2026 के अंत तक पूरा हो जाएगा। हालांकि, Indapur और Mangaon बाईपास जैसे जरूरी हिस्सों का काम मार्च 2027 से पहले पूरा होना मुश्किल लग रहा है।
अलग-अलग जिलों में काम की मौजूदा स्थिति
सिंधुदुर्ग जिले में हाईवे का काम लगभग 99% पूरा हो चुका है। रत्नागिरी और रायगढ़ जिलों में यह काम 73% से 98% के बीच है। प्रशासन लगातार गड्ढे भरने और मरम्मत का काम कर रहा है। रत्नागिरी के पास लांजा, निवली, पाली और संगमेश्वर में चार फ्लाईओवरों का लक्ष्य मार्च 2026 तक पूरा करने का था, लेकिन जमीन पर अब भी काम चल रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मुंबई-गोवा हाईवे (NH-66) पूरी तरह कब तक चालू होगा?
NHAI और PWD के अनुसार अब इसकी संशोधित समय सीमा 2027 तय की गई है, हालांकि कुछ हिस्सों को 2026 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य है।
हाईवे के किन हिस्सों में सबसे ज्यादा ट्रैफिक जाम मिलता है?
वर्तमान में संगमेश्वर, Mangaon और Indapur मुख्य चोक पॉइंट्स हैं, जहां यात्रियों को आधे घंटे से एक घंटे तक का जाम झेलना पड़ रहा है।