Maharashtra: मुंबई में पिछले एक महीने से आग लगने की घटनाओं में भारी बढ़ोतरी हुई है। शहर के रिहायशी इलाकों, कबाड़खानों और कमर्शियल बिल्डिंग्स समेत कुल 16 बड़ी आग की घटनाएं सामने आई हैं। इन हादसों में एक व्यक्ति की जान गई
Maharashtra: मुंबई में पिछले एक महीने से आग लगने की घटनाओं में भारी बढ़ोतरी हुई है। शहर के रिहायशी इलाकों, कबाड़खानों और कमर्शियल बिल्डिंग्स समेत कुल 16 बड़ी आग की घटनाएं सामने आई हैं। इन हादसों में एक व्यक्ति की जान गई और दो लोग घायल हुए, साथ ही काफी आर्थिक नुकसान भी हुआ है। बढ़ते तापमान और बिजली की ज्यादा खपत को इन घटनाओं की मुख्य वजह माना जा रहा है।
आग लगने के मुख्य कारण क्या हैं?
मुंबई फायर ब्रिगेड के डिप्टी चीफ फायर ऑफिसर डॉ. दीपक घोष ने बताया कि गर्मियों में AC और कूलर का लगातार इस्तेमाल होता है, जिससे बिजली की डिमांड बढ़ जाती है। इस वजह से इंटरनल वायरिंग पर दबाव पड़ता है, जिससे तार पिघलने और शॉर्ट सर्किट होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, सूखे पत्तों और कचरे को जलाने, गैस लीकेज और खराब मेंटेनेंस वाले AC सिस्टम भी आग का कारण बन रहे हैं।
BMC और MFB की सेफ्टी गाइडलाइंस क्या हैं?
BMC और मुंबई फायर ब्रिगेड ने नागरिकों के लिए कुछ जरूरी निर्देश जारी किए हैं। लोगों को सलाह दी गई है कि वे अपने घर और ऑफिस के बिजली के बोर्ड, स्विच और पाइपलाइनों की जांच करवाएं। एक ही सॉकेट पर कई डिवाइस लगाकर ओवरलोड न करें और केवल सर्टिफाइड बिजली कनेक्शन का ही इस्तेमाल करें। साथ ही, बिल्डिंगों के इमरजेंसी एग्जिट को खाली रखें ताकि जरूरत पड़ने पर लोग आसानी से बाहर निकल सकें और दमकल की गाड़ियां अंदर आ सकें।
आग से बचाव के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं?
मुंबई और उसके आस-पास के इलाकों में गर्मी और उमस के कारण ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है। बुधवार को राम मंदिर (ओशिवारा) में अधिकतम तापमान 36.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सुरक्षा बढ़ाने के लिए BMC ने 230.90 करोड़ रुपये का बजट रखा है, जिससे Compressed Air Foam Systems (CAFS) और ड्रोन जैसी आधुनिक तकनीक लाई जाएगी। यह प्रोजेक्ट अप्रैल 2026 तक पूरा होने की उम्मीद है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मुंबई में पिछले एक महीने में कितनी बड़ी आग की घटनाएं हुईं?
पिछले एक महीने में मुंबई के रिहायशी भवनों, कबाड़खानों और ट्रांसपोर्ट हब समेत कम से कम 16 बड़ी आग की घटनाएं दर्ज की गई हैं।
बिजली के उपकरणों के इस्तेमाल में क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
एक ही प्लग पॉइंट पर कई भारी उपकरण न जोड़ें, पुराने तारों और स्विचबोर्ड की जांच करवाएं और केवल प्रमाणित बिजली कनेक्शन का ही उपयोग करें।