Mumbai में रेस्टोरेंट और डेयरी वालों की बढ़ेगी मुसीबत, BMC रद्द कर सकती है लाइसेंस
Maharashtra: मुंबई के रेस्टोरेंट, डेयरी और खाने-पीने की दुकानों पर अब BMC की कड़ी नजर रहेगी। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) की कार्रवाई के बाद अब BMC ने भी वार्ड लेवल पर जांच शुरू करने की तैयारी कर ली है।
Maharashtra: मुंबई के रेस्टोरेंट, डेयरी और खाने-पीने की दुकानों पर अब BMC की कड़ी नजर रहेगी। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) की कार्रवाई के बाद अब BMC ने भी वार्ड लेवल पर जांच शुरू करने की तैयारी कर ली है। अगर कोई दुकान या होटल फूड सेफ्टी के नियमों का पालन नहीं करेगा, तो उसका लाइसेंस सीधे रद्द कर दिया जाएगा।
मुंबई की मेयर Ritu Tawde ने स्वास्थ्य विभाग को पूरे शहर में निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि BMC उन दुकानों को खास तौर पर टारगेट करेगी जिन्हें पहले भी नियमों की अनदेखी के लिए नोटिस दिए जा चुके हैं। यह पूरी मुहिम लोगों को सुरक्षित और साफ-सुथरा खाना खिलाने के लिए चलाई जा रही है।
FDA कमिश्नर Tukaram Mundhe के नेतृत्व में ‘Safe Food, Safe Maharashtra’ अभियान पहले से ही चल रहा है। इस अभियान के तहत 25 मई से 14 जुलाई 2026 के बीच 443 दुकानों की जांच हुई, जिनमें से 161 को सुधार के नोटिस दिए गए और 56 का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया गया। डेयरी सेक्टर में अब तक 360 जगहों की जांच हो चुकी है।
जांच के दौरान कई बड़ी कमियां सामने आई हैं। इनमें किचन में गंदगी, कच्चे माल और पानी की क्वालिटी का रिकॉर्ड न होना, खाने को सही तरीके से अलग न रखना और पेस्ट कंट्रोल की कमी जैसी समस्याएं मिली हैं। हाल ही में Marine Lines स्थित Parsi Dairy Farm Pvt Ltd का लाइसेंस भी हाइजीन नियमों के उल्लंघन के कारण सस्पेंड कर दिया गया है।
इस कार्रवाई की जद में Shalimar Hospitality, Noor Mohammadi Hotel, Rehmania Restaurant और K Rustom जैसे बड़े नाम भी आए हैं। वहीं National Restaurant Association of India (NRAI) ने इस अभियान का समर्थन किया है, लेकिन उन्होंने मांग की है कि यह पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए और दुकानदारों को सुधार के लिए उचित समय मिलना चाहिए।