Maharashtra : मुंबई में एडमिशन सीजन शुरू होने से पहले BMC के शिक्षा विभाग ने एक बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने शुक्रवार को एक नोटिस जारी कर शहर के 164 स्कूलों को अवैध घोषित कर दिया है। ये स्कूल बिना जरूरी मान्यता के चल रहे
Maharashtra : मुंबई में एडमिशन सीजन शुरू होने से पहले BMC के शिक्षा विभाग ने एक बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने शुक्रवार को एक नोटिस जारी कर शहर के 164 स्कूलों को अवैध घोषित कर दिया है। ये स्कूल बिना जरूरी मान्यता के चल रहे थे, जिससे अब हजारों छात्रों के भविष्य और उनके एडमिशन पर असर पड़ेगा।
इन स्कूलों को अवैध क्यों माना गया और क्या हैं नियम?
BMC ने यह कार्रवाई Right to Education (RTE) Act, 2009 के क्लॉज 18 के तहत की है। नियम के मुताबिक, कोई भी स्कूल बिना मान्यता के नहीं चल सकता। इन स्कूलों में क्लास का साइज, कंपाउंड वॉल, खेल का मैदान, वेंटिलेशन और टीचर की योग्यता जैसे मानकों की कमी पाई गई। मान्यता न होने पर इन स्कूलों पर 1 लाख रुपये का जुर्माना और रोज 10 हजार रुपये का अतिरिक्त जुर्माना भी लग सकता है।
किन इलाकों के स्कूल इस लिस्ट में शामिल हैं?
नोटिस में उन स्कूलों के नाम दिए गए हैं जो प्राइमरी और सेकेंडरी सेक्शन चलाते हैं। इनमें अंग्रेजी, हिंदी, मराठी और उर्दू मीडियम के स्कूल शामिल हैं। प्रभावित इलाकों की लिस्ट नीचे दी गई है:
- Dharavi
- Kurla
- Govandi
- Kandivli
- Jogeshwari
- Vikhroli
- Bhandup
छात्रों के एडमिशन और भविष्य का क्या होगा?
BMC की डिप्टी म्युनिसिपल कमिश्नर (Education) प्राची जांभेकर ने कहा है कि किसी भी बच्चे को एडमिशन से मना नहीं किया जाएगा। BMC इन बच्चों को अपने मान्यता प्राप्त स्कूलों में जगह देगी, जिसके लिए डबल शिफ्ट, ज्यादा डिवीजन और एक्स्ट्रा क्लास लगाए जाएंगे। वहीं, Global Parents’ Teachers’ Association के रोहित दंडवते ने चेतावनी दी है कि बिना मान्यता वाले स्कूलों में पढ़ाई करने से बच्चों के रिकॉर्ड की वैधता पर सवाल उठ सकते हैं, इसलिए अभिभावक सावधानी बरतें।