Mumbai: भायंदर-गैमुख लिंक प्रोजेक्ट को मंजूरी, 17,036 करोड़ की लागत से कम होगा ट्रैफिक जाम

Maharashtra: मुंबई के उत्तरी इलाकों में ट्रैफिक की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए बड़ी खबर है। सरकार ने भायंदर-गैमुख लिंक प्रोजेक्ट को हरी झंडी दे दी है। इस छह-लेन कॉरिडोर के बनने से घोडबंदर रोड और वेस्टर्न एक्सप्रेस हाई

Maharashtra: मुंबई के उत्तरी इलाकों में ट्रैफिक की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए बड़ी खबर है। सरकार ने भायंदर-गैमुख लिंक प्रोजेक्ट को हरी झंडी दे दी है। इस छह-लेन कॉरिडोर के बनने से घोडबंदर रोड और वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर लगने वाले लंबे जाम से राहत मिलेगी।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता वाली कैबिनेट इंफ्रास्ट्रक्चर कमेटी ने इस प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है, जिसके बाद 22 जून 2026 को औपचारिक सरकारी प्रस्ताव जारी किया गया। केंद्र और महाराष्ट्र सरकार ने इस प्रोजेक्ट के लिए कुल 17,036.03 करोड़ रुपये का बजट तय किया है। इस प्रोजेक्ट को BOT मॉडल के तहत पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) के जरिए पूरा किया जाएगा।

यह कॉरिडोर कुल 15.44 किलोमीटर लंबा होगा, जिसे दो हिस्सों में बांटा गया है। पहले हिस्से में भायंदर से फाउंटेन होटल जंक्शन तक 9.58 किलोमीटर लंबा छह-लेन का एलिवेटेड क्रीक ब्रिज बनाया जाएगा। दूसरे हिस्से में फाउंटेन होटल जंक्शन से गैमुख तक 5.86 किलोमीटर लंबी छह-लेन की ट्विन टनल होगी। टनल बनाने के लिए टनल बोरिंग मशीन (TBM) तकनीक का इस्तेमाल होगा और इसे पांच साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

विवरण जानकारी
कुल लागत ₹17,036.03 करोड़
कुल लंबाई 15.44 किलोमीटर
ब्रिज की लंबाई 9.58 किलोमीटर (एलिवेटेड)
टनल की लंबाई 5.86 किलोमीटर (ट्विन टनल)
फंडिंग मॉडल 40% सरकार (केंद्र और राज्य), 60% प्राइवेट पार्टनर
क्रियान्वयन एजेंसी MMRDA

इस प्रोजेक्ट के पूरा होने से पश्चिमी मुंबई, ठाणे, कल्याण-डोंबिवली, पनवेल, नासिक और नेशनल हाईवे-48 के बीच सफर आसान हो जाएगा। एलिवेटेड सेक्शन पर गाड़ियां 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकेंगी। बता दें कि कानूनी विवाद के कारण यह प्रोजेक्ट करीब दो साल तक रुका हुआ था, लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट के मामले के निपटारे और MMRDA द्वारा दोबारा टेंडर प्रक्रिया शुरू करने के फैसले के बाद काम आगे बढ़ेगा।