Mumbai में BEST कर्मचारियों की हड़ताल से थमी बसों की रफ्तार, कोर्ट के आदेश और MESMA के बावजूद काम बंद
Maharashtra: मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली BEST बसों के कर्मचारियों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। इस वजह से शहर के 27 डिपो से बहुत कम बसें सड़कों पर उतरीं और आम यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हा
Maharashtra: मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली BEST बसों के कर्मचारियों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। इस वजह से शहर के 27 डिपो से बहुत कम बसें सड़कों पर उतरीं और आम यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, कोर्ट ने इस हड़ताल पर रोक लगाई थी और सरकार ने इसे गैरकानूनी घोषित किया था, लेकिन कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर अड़े रहे।
यह हड़ताल 18 जून 2026 की आधी रात से शुरू हुई। महाराष्ट्र सरकार ने इस आंदोलन को रोकने के लिए MESMA (महाराष्ट्र आवश्यक सेवा रखरखाव अधिनियम, 2023) लागू किया था। साथ ही, मुंबई की इंडस्ट्रियल कोर्ट ने भी BEST के पक्ष में अंतरिम आदेश जारी कर कर्मचारियों को हड़ताल करने से मना किया था। BEST की जनरल मैनेजर सोनिया सेठी ने भी इस दौरान कर्मचारियों की छुट्टी पर रोक लगा दी थी।
मुंबई पुलिस ने सख्त चेतावनी दी थी कि सार्वजनिक परिवहन में बाधा डालने या BEST की संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके बावजूद, 19 जून को भी हड़ताल जारी रही और कई जगहों पर कर्मचारियों ने बसों को डिपो से बाहर निकलने से रोक दिया। इस वजह से लोगों को ऑटो, टैक्सी, ऐप-कैब और मेट्रो का सहारा लेना पड़ा। शिव सेना (UBT) के यूनियन नेता नितिन नंदगांवकर ने कहा कि प्रबंधन ने बातचीत नहीं की, इसलिए हड़ताल जारी रही।
कर्मचारियों की मुख्य मांगें इस प्रकार हैं:
| मुख्य मांगें |
|---|
| BEST के बजट को BMC के साथ मर्ज करना |
| रिटायर्ड कर्मचारियों के कानूनी बकाये का एकमुश्त निपटारा |
| 2016-2026 के लिए सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू करना |
| परिवहन और बिजली विभाग में कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम खत्म करना |
| वेट-लीज बस कर्मचारियों को BEST में शामिल करना |
| खाली पदों पर भर्ती और पात्र कर्मचारियों का प्रमोशन |
| 6,000 बसों का स्वामित्व BEST के पास रहे और निजीकरण न हो |
BEST के प्रवक्ता ने पुष्टि की कि कोर्ट का आदेश उनके पक्ष में था। फिलहाल प्रशासन BKC जैसे इलाकों में अतिरिक्त बसें चलाने की योजना बना रहा है ताकि लोगों की परेशानी कम हो सके। इस हड़ताल का असर दक्षिण मुंबई की बिजली आपूर्ति पर भी पड़ सकता है। वहीं, श्रमिक उत्कर्ष सभा और BEST कामगार यूनियन ने इस हड़ताल से दूरी बना ली है और कहा है कि उनकी सरकार के साथ बातचीत चल रही है।