Mumbai में BEST बसों की बढ़ेगी संख्या लेकिन ड्राइवरों की भारी कमी, 23 लाख यात्रियों की बढ़ सकती है परेशानी

Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए BEST बसें सफर का सबसे बड़ा सहारा हैं, लेकिन अब इन बसों की सर्विस पर संकट मंडरा रहा है। BEST प्रशासन अगले 3-4 सालों में अपनी इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़ाकर 10,000 करना चाहता है, लेकिन

Maharashtra: मुंबई के लोगों के लिए BEST बसें सफर का सबसे बड़ा सहारा हैं, लेकिन अब इन बसों की सर्विस पर संकट मंडरा रहा है। BEST प्रशासन अगले 3-4 सालों में अपनी इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़ाकर 10,000 करना चाहता है, लेकिन ड्राइवरों की भारी कमी के कारण यह योजना अटक सकती है। अगर समय पर ड्राइवर नहीं मिले, तो रोजाना सफर करने वाले करीब 23 लाख यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

इस विस्तार योजना को पूरा करने के लिए BEST को कम से कम 3,000 नए और ट्रेंड ड्राइवरों की जरूरत है। समिति के सदस्य सुनील गणचर्या ने साफ किया है कि जैसे-जैसे नई बसें सड़कों पर उतरेंगी, ड्राइवरों की मांग बढ़ेगी। एक्सपर्ट्स ने चेतावनी दी है कि बिना पर्याप्त ड्राइवरों के बसों की संख्या बढ़ाना सिस्टम पर दबाव डालेगा और यात्रियों की सुरक्षा के साथ समझौता हो सकता है।

ड्राइवरों की इस समस्या को लेकर पहले भी चिंता जताई गई थी। मार्च 2025 में जनरल मैनेजर SVR Srinivas ने 4,500 नई बसों के लिए ड्राइवरों की कमी मानी थी। उन्होंने वेट लीज ऑपरेटरों को सख्त निर्देश दिए थे कि वे ऐसे ड्राइवर रखें जिन्हें कम से कम दो साल का अनुभव हो और उनकी ट्रेनिंग को एक हफ्ते से बढ़ाकर चार हफ्ते किया जाए। वहीं जनरल मैनेजर सोनिया सेठी ने भी ट्रेंड ड्राइवरों की कमी पर चिंता जताई है, हालांकि उन्होंने बताया कि नए कॉन्ट्रैक्ट्स में कुछ सुरक्षा उपाय जोड़े गए हैं और PM e-Drive स्कीम के तहत सब्सिडी वाली बसों की उम्मीद जनवरी तक है।

हाल के दिनों में इस समस्या और बढ़ गई है। 22 जून 2026 को एक हड़ताल के बाद केवल 42% ड्राइवर ही ड्यूटी पर लौटे थे, जिससे केवल 67% बसें ही चल पाईं। यूनियन नेताओं का कहना है कि काम के बोझ और थकान की वजह से ड्राइवर वापस नहीं लौट रहे हैं। साथ ही, वेट लीज ड्राइवरों के लिए समान वेतन की मांग भी अधूरी है। दूसरी तरफ, ओलेक्ट्रा ग्रीनटेक की सहायक कंपनी EVEY ने सब्सिडी में देरी के कारण 1,414 AC इलेक्ट्रिक बसों की सप्लाई का कॉन्ट्रैक्ट वापस ले लिया है। हालांकि, 2,400 गैर-सब्सिडी बसों का समझौता अभी जारी है, लेकिन उनका रोलआउट भी ड्राइवरों की उपलब्धता पर निर्भर करेगा।

इस बीच BEST कमेटी ने 1,500 AC इलेक्ट्रिक मिडी बसों को 12 साल के लिए लीज पर लेने के लिए 7,027 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दी है, जिसके कॉन्ट्रैक्ट Greencell Mobility और Sai Green Projects को दिए गए हैं।