Mumbai के Antop Hill समेत 3 बड़े स्लम क्लस्टर का होगा पुनर्विकास, हजारों परिवारों को मिलेंगे पक्के घर
Maharashtra/Mumbai: मुंबई के वाडाला इलाके में स्थित 450 एकड़ के एंटोप हिल स्लम क्लस्टर का अब पुनर्विकास किया जाएगा। Slum Rehabilitation Authority (SRA) ने इस बड़े प्रोजेक्ट के साथ-साथ जोगेश्वरी ईस्ट के माजासवाड़ी (260 एक
Maharashtra/Mumbai: मुंबई के वाडाला इलाके में स्थित 450 एकड़ के एंटोप हिल स्लम क्लस्टर का अब पुनर्विकास किया जाएगा। Slum Rehabilitation Authority (SRA) ने इस बड़े प्रोजेक्ट के साथ-साथ जोगेश्वरी ईस्ट के माजासवाड़ी (260 एकड़) और बांद्रा ईस्ट के बेहरामपाड़ा (140 एकड़) के मेगा क्लस्टर्स को भी दोबारा विकसित करने की तैयारी कर ली है।
SRA ने इन तीनों बड़े क्लस्टर्स के लिए राज्य की हाई-पावर्ड कमेटी से मंजूरी लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह कदम अंधेरी वेस्ट के जुहू गली प्रोजेक्ट की सफलता के बाद उठाया गया है। अब SRA ने मुंबई भर में 50 एकड़ से ज्यादा जमीन वाले 18 और ऐसे स्लम इलाकों की पहचान की है, जहाँ हजारों झुग्गी निवासियों को नए घर दिए जा सकेंगे।
SRA के CEO महिंद्रा कल्यणकर ने बताया कि यह पूरी पहल राज्य सरकार की ‘Housing Policy 2025’ का हिस्सा है। इसका मकसद मुंबई को झुग्गी मुक्त बनाना और लोगों को सुरक्षित और सम्मानजनक पक्के घर देना है। महाराष्ट्र सरकार ने 13 नवंबर 2025 को इस क्लस्टर पुनर्विकास योजना को मंजूरी दी थी, ताकि बड़े और भीड़भाड़ वाले इलाकों को एक साथ प्लान करके विकसित किया जा सके।
इस योजना के तहत आम लोगों के लिए कुछ जरूरी नियम बनाए गए हैं ताकि उन्हें परेशानी न हो। अब पुनर्विकास शुरू करने के लिए सोसाइटी के सदस्यों की सहमति 70% से घटाकर 51% कर दी गई है। साथ ही, पारदर्शिता के लिए मीटिंग्स की वीडियो रिकॉर्डिंग अनिवार्य होगी और डेवलपर्स को RERA में रजिस्ट्रेशन कराना होगा।
किरायेदारों के अधिकारों का भी ध्यान रखा गया है। हर सदस्य को उसके मौजूदा कारपेट एरिया के बराबर या उससे बड़ा नया फ्लैट मिलेगा। इसके अलावा, निर्माण के दौरान उन्हें ट्रांजिट रेंट (किराया) या रहने की जगह और एक कॉर्पस फंड भी दिया जाएगा। डेवलपर्स के लिए अब कुल प्रोजेक्ट लागत का 20% बैंक गारंटी के रूप में जमा करना जरूरी होगा ताकि काम बीच में न रुके।
इन प्रोजेक्ट्स में कई बड़ी एजेंसियां और कंपनियां जुड़ी हैं। जुहू गली प्रोजेक्ट के लिए Reliance के नेतृत्व वाला कंसोर्टियम सबसे बड़ा बोलीदाता रहा है। वहीं बांद्रा के नर्गिस दत्त नगर के पुनर्विकास में Godrej Properties, ORA ग्रुप और RC ग्रुप शामिल हैं। इसके अलावा MMRDA, MHADA और BMC जैसी एजेंसियां भी इस योजना को लागू करने में मदद करेंगी।