Delhi के महरौली में बदला नजारा, वीरान मकानों की जगह अब खुले लग्जरी स्टोर और पार्टी वेन्यू
Delhi: दक्षिण दिल्ली का ऐतिहासिक इलाका महरौली अब पूरी तरह बदल चुका है। जो जगह कभी सस्ती प्रॉपर्टी और वीरान मकानों के लिए जानी जाती थी, वह अब दिल्ली के रईसों और हाई-सोसायटी लोगों की पहली पसंद बन गई है। पुराने खंडहरों और श
Delhi: दक्षिण दिल्ली का ऐतिहासिक इलाका महरौली अब पूरी तरह बदल चुका है। जो जगह कभी सस्ती प्रॉपर्टी और वीरान मकानों के लिए जानी जाती थी, वह अब दिल्ली के रईसों और हाई-सोसायटी लोगों की पहली पसंद बन गई है। पुराने खंडहरों और शांत गलियों की जगह अब यहां महंगे डिजाइनर स्टोर्स और आलीशान रेस्टोरेंट्स ने ले ली है।
महरौली दिल्ली का सबसे पुराना बसा हुआ गांव माना जाता है, जिसकी स्थापना 1060 ईस्वी में तोमर राजपूतों ने की थी। एक समय था जब यह इलाका विदेशी डिप्लोमैट्स और अमेरिकन-फ्रेंच लोगों के बीच एक गुप्त और शानदार जगह के रूप में मशहूर था। 2000 के दशक में यहां ‘ऑलिव’ जैसे रेस्टोरेंट्स आने से बदलाव शुरू हुआ, लेकिन असली तेजी 2010 के बाद आई। अब यहां केवल खाने-पीने की जगह ही नहीं, बल्कि बड़े-बड़े डिजाइनरों के शोरूम भी खुल गए हैं।
आज के समय में Ambawatta One और Qutub Garden Complex जैसे इलाकों में मनीष मल्होत्रा, अनीता डोंगरे और तरुण तहिलियानी जैसे बड़े नाम मौजूद हैं। वहीं Sabyasachi और Ralph Lauren जैसे ग्लोबल ब्रांड्स ने भी यहां अपनी जगह बनाई है। पार्टी करने वालों के लिए MisoSexy, Bougie और Dramz जैसे वेन्यू अब काफी लोकप्रिय हैं, जहां से कुतुब मीनार का शानदार नजारा दिखता है।
इस बदलाव के पीछे प्रॉपर्टी की शुरुआती कम कीमतें और बड़े खाली स्पेस का होना एक बड़ी वजह रही। अब यहां रियल एस्टेट मार्केट में जबरदस्त उछाल देखा जा रहा है। NHAI करीब 19.18 करोड़ रुपये की लागत से महरौली-गुड़गांव रोड का नवीनीकरण कर रहा है, जिससे 2026 तक यहां जमीनों और मकानों की कीमतों में 15 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।
विकास के साथ-साथ यहां की विरासत को बचाने की कोशिशें भी जारी हैं। MCD अब आजादी से पहले की ‘महरौली हाउस टैक्स बिल्डिंग’ का जीर्णोद्धार करने जा रहा है, जिसे ग्रेड-II हेरिटेज बिल्डिंग माना गया है। साथ ही DDA महरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क और संजय वन के संरक्षण पर काम कर रहा है ताकि आधुनिकता के बीच इतिहास सुरक्षित रहे।