Maharashtra: ठाणे की एक स्पेशल POCSO कोर्ट ने अपनी सौतेली बहन के साथ रेप और उसे गर्भवती करने के आरोपी व्यक्ति को बरी कर दिया है। यह मामला साल 2023 का था, लेकिन ट्रायल के दौरान पीड़िता ने अपने पुराने बयानों से पलटकर आरोपी
Maharashtra: ठाणे की एक स्पेशल POCSO कोर्ट ने अपनी सौतेली बहन के साथ रेप और उसे गर्भवती करने के आरोपी व्यक्ति को बरी कर दिया है। यह मामला साल 2023 का था, लेकिन ट्रायल के दौरान पीड़िता ने अपने पुराने बयानों से पलटकर आरोपी का साथ दिया। कोर्ट ने सबूतों की कमी और पीड़िता के बयानों के आधार पर यह फैसला सुनाया है।
क्या था पूरा मामला और कोर्ट का फैसला
यह घटना दिसंबर 2023 की है, जिसमें आरोप था कि 20 साल के युवक ने अपनी 14 साल की सौतेली बहन को नशीला कोल्ड ड्रिंक पिलाकर उसके साथ यौन शोषण किया। इसके बाद सितंबर 2024 में पीड़िता ने एक बच्चे को जन्म दिया। स्पेशल जज Ruby U Malvankar की अदालत ने 17 अप्रैल 2026 को आरोपी को बरी करने का आदेश जारी किया।
आरोपी को बरी करने की मुख्य वजह क्या रही
- पीड़िता के बयान: कोर्ट में पीड़िता ने कहा कि उसने डर की वजह से आरोपी पर झूठा आरोप लगाया था और वास्तव में कोई यौन शोषण नहीं हुआ था।
- DNA टेस्ट की रिपोर्ट: बच्चे का DNA टेस्ट कराया गया, जिसमें यह साफ हुआ कि आरोपी उस बच्चे का जैविक पिता नहीं है।
- उम्र का विवाद: कोर्ट ने पाया कि सरकारी कागजों में विरोधाभास होने के कारण यह साबित नहीं हो पाया कि पीड़िता कानूनी तौर पर ‘बच्ची’ की श्रेणी में आती थी।
केस से जुड़ी जरूरी जानकारियां
| विवरण |
जानकारी |
| कोर्ट |
स्पेशल POCSO कोर्ट, ठाणे |
| घटना की तारीख |
दिसंबर 2023 |
| बच्चे का जन्म |
सितंबर 2024 |
| फैसले की तारीख |
17 अप्रैल 2026 |
| मुख्य आरोप |
गंभीर रेप और नशीला पदार्थ देना |