Maharashtra RTO में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा, Transport Minister ने SIT जांच के आदेश दिए

Maharashtra: राज्य के Regional Transport Office (RTO) में चल रहे भ्रष्टाचार और वसूली के खेल का बड़ा खुलासा हुआ है। Transport Minister Pratap Sarnaik ने खुद माना है कि RTO में एक बड़ा रैकेट चल रहा है जिसे रोकना जरूरी है।

Maharashtra: राज्य के Regional Transport Office (RTO) में चल रहे भ्रष्टाचार और वसूली के खेल का बड़ा खुलासा हुआ है। Transport Minister Pratap Sarnaik ने खुद माना है कि RTO में एक बड़ा रैकेट चल रहा है जिसे रोकना जरूरी है। इस मामले की गहराई से जांच के लिए उन्होंने एक Special Investigation Team (SIT) का गठन किया है, जिसे एक महीने के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपनी होगी।

इस SIT टीम का नेतृत्व IPS अधिकारी Priyanka Narnavare कर रही हैं। उनके साथ Additional Transport Commissioner Ravi Gaikwad और Vigilance Officer Mandar Javale भी इस जांच टीम का हिस्सा हैं। मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने भी विधानसभा में ऐलान किया कि RTO में टैक्स चोरी और गड़बड़ियों की हाई-लेवल जांच कराई जाएगी।

यह पूरा मामला तब गरमाया जब कांग्रेस नेता Vijay Wadettiwar ने विधानसभा में आरोप लगाया कि विदर्भ क्षेत्र के RTO में सीनियर अधिकारियों की मिलीभगत से वसूली का रैकेट चल रहा है। उन्होंने दावा किया कि RTO और Anti-Corruption Bureau (ACB) के बीच सांठगांठ है और करीब 1,500 चोरी की कारों को गलत तरीके से रजिस्टर किया गया है। Wadettiwar ने रिटायर्ड अधिकारी Bajrang Kharmate और अकोला RTO के Ravindra Bhuyar समेत कई नामों को इस घोटाले में घसीटा है।

भ्रष्टाचार को रोकने के लिए सरकार अब कड़े कदम उठाने जा रही है। अब गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन के समय GST चेक, बैंक लोन के कागज और रहने के पते की कड़ी जांच होगी ताकि दूसरे राज्यों में रजिस्ट्रेशन कराकर टैक्स चोरी न की जा सके। साथ ही, बाइक-टैक्सी और अन्य ट्रांसपोर्ट सेवाओं के लाइसेंस के लिए ‘डोमिसाइल सर्टिफिकेट’ (मूल निवासी प्रमाण पत्र) अनिवार्य करने का फैसला लिया गया है।

सरकार ने साफ किया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और किसी भी भ्रष्ट अधिकारी को बचाया नहीं जाएगा। फिलहाल Economic Offences Wing (EOW) ने रिटायर्ड अधिकारी Bajrang Kharmate के खिलाफ अपनी जांच शुरू कर दी है।