Maharashtra: महाराष्ट्र के कोंकण इलाके में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने के लिए बड़ी तैयारी चल रही है। यहाँ कई नए Data Centres बनाए जाएंगे, जिनमें कुल 1.43 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश होगा। इस प्रोजेक्ट से
Maharashtra: महाराष्ट्र के कोंकण इलाके में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने के लिए बड़ी तैयारी चल रही है। यहाँ कई नए Data Centres बनाए जाएंगे, जिनमें कुल 1.43 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश होगा। इस प्रोजेक्ट से इलाके के युवाओं के लिए करीब 25,000 नौकरियों के मौके पैदा होने की उम्मीद है।
कोंकण में जमीन का आवंटन और निवेश की क्या है स्थिति?
Maharashtra Industries Development Corporation (MIDC) के आंकड़ों के मुताबिक, कोंकण क्षेत्र में इन प्रोजेक्ट्स के लिए 83 प्लॉट में कुल 608 एकड़ जमीन दी गई है। यह निवेश पिछले कुछ सालों में इस इलाके के लिए सबसे बड़ा माना जा रहा है। खासकर Talaja जैसे इलाकों में बड़े Data Centres बनेंगे। समुद्र के नीचे बिछी केबल्स के लैंडिंग पॉइंट होने की वजह से यह इलाका डिजिटल कंपनियों के लिए पहली पसंद बना है।
सरकार ने काम तेज करने के लिए क्या निर्देश दिए?
मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने 18 अप्रैल 2026 को अधिकारियों को निर्देश दिए कि जमीन देने और बिजली सप्लाई के काम में तेजी लाई जाए। उन्होंने CIDCO को खास तौर पर इन प्रोजेक्ट्स के लिए एक Land Bank बनाने को कहा है। साथ ही Energy Department को सबस्टेशन के लिए जमीन जल्द आवंटित करने के निर्देश दिए गए हैं। मध्य एशिया और मिडिल ईस्ट की कई कंपनियां भी यहाँ निवेश करने में दिलचस्पी दिखा रही हैं।
निवेशकों को मिलने वाली सुविधाएं और नीतियां क्या हैं?
महाराष्ट्र सरकार की IT-ITES Policy 2023 के तहत कंपनियों को कई फायदे दिए जा रहे हैं, ताकि वे यहाँ अपना सेटअप लगाएं। मुख्य सुविधाएं नीचे दी गई टेबल में देखी जा सकती हैं:
| सुविधा/नीति |
मिलने वाला लाभ |
| Stamp Duty |
100% छूट दी जाएगी |
| Electricity Duty |
टैक्स में छूट का प्रावधान है |
| Power Supply |
लगातार बिजली की सप्लाई सुनिश्चित होगी |
| Status |
Data Centres को ‘Essential Services’ का दर्जा मिला है |
| Green Parks |
पहली तीन ग्रीन डेटा सेंटर पार्कों के लिए अतिरिक्त प्रोत्साहन |