Maharashtra में अब ऐप से ट्रैक होगी Ambulance, सरकार तय करेगी किराया और नियम
Maharashtra: महाराष्ट्र सरकार राज्य में एम्बुलेंस सेवा को बेहतर बनाने के लिए एक नई डिजिटल पॉलिसी लाने जा रही है। अब मरीजों को एम्बुलेंस के लिए भटकना नहीं पड़ेगा क्योंकि एक नया प्लेटफॉर्म शुरू होगा जिससे एम्बुलेंस की लाइव
Maharashtra: महाराष्ट्र सरकार राज्य में एम्बुलेंस सेवा को बेहतर बनाने के लिए एक नई डिजिटल पॉलिसी लाने जा रही है। अब मरीजों को एम्बुलेंस के लिए भटकना नहीं पड़ेगा क्योंकि एक नया प्लेटफॉर्म शुरू होगा जिससे एम्बुलेंस की लाइव लोकेशन और उसके खर्च की जानकारी आसानी से मिल सकेगी। इस कदम से आपातकालीन समय में इलाज मिलना आसान होगा और मरीजों से मनमाना किराया वसूलने पर रोक लगेगी।
परिवहन मंत्री Pratap Sarnaik ने बताया कि इस नई पॉलिसी के तहत एम्बुलेंस के रजिस्ट्रेशन से लेकर अस्पताल पहुंचने तक के पूरे सिस्टम को सुधारा जाएगा। Motor Vehicles Department इस पॉलिसी को तैयार करेगा। सरकार एक मोबाइल एप्लीकेशन लॉन्च करेगी जिससे आम लोग अपने सबसे पास वाली एम्बुलेंस ढूंढ सकेंगे, उसकी लाइव लोकेशन देख सकेंगे और बुकिंग से पहले अनुमानित किराया भी जान पाएंगे।
पारदर्शिता बढ़ाने के लिए हर ट्रिप का डिजिटल रिकॉर्ड रखा जाएगा और इलेक्ट्रॉनिक रसीद दी जाएगी। सरकार AIS-125 वर्गीकरण के आधार पर अधिकतम किराया तय करेगी ताकि कोई भी ऑपरेटर ज्यादा पैसे न ले सके। इसके अलावा, ऐप में फर्स्ट-एड गाइडेंस भी होगा जिससे लोग एम्बुलेंस आने तक मरीज को CPR या खून रोकने जैसे जरूरी प्राथमिक उपचार दे सकें।
इस पूरे सिस्टम को चलाने के लिए चार अलग-अलग ऐप बनाए जाएंगे। पहला आम नागरिकों के लिए, दूसरा एम्बुलेंस ड्राइवरों के लिए, तीसरा पैरामेडिक्स के लिए और चौथा RTO और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के लिए होगा। अधिकारी एक डैशबोर्ड के जरिए यह देख सकेंगे कि एम्बुलेंस कितनी देर में पहुंची और ड्राइवर का प्रदर्शन कैसा रहा।
इस सिस्टम में सरकारी MEMS 108 के साथ-साथ प्राइवेट अस्पतालों और NGO द्वारा चलाई जा रही करीब 5,000 एम्बुलेंस को जोड़ा जाएगा। वहीं, स्वास्थ्य मंत्री Prakash Abitkar ने जानकारी दी कि 3,195 सरकारी एम्बुलेंस के लिए Cashless PetroCard सिस्टम शुरू किया गया है ताकि ईंधन की कमी से सेवा न रुके। साथ ही, ‘102’ एम्बुलेंस सेवा जो पहले सिर्फ गर्भवती महिलाओं और बच्चों के लिए थी, अब राज्य के सभी मरीजों के लिए उपलब्ध होगी।