Maharashtra: मुंबई और महाराष्ट्र अब दुनिया भर के निवेशकों के लिए पसंदीदा जगह बन रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया, फिनलैंड और अमेरिका जैसे देश यहां क्लीन एनर्जी, इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी में पैसा लगाने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं।
Maharashtra: मुंबई और महाराष्ट्र अब दुनिया भर के निवेशकों के लिए पसंदीदा जगह बन रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया, फिनलैंड और अमेरिका जैसे देश यहां क्लीन एनर्जी, इंफ्रास्ट्रक्चर और टेक्नोलॉजी में पैसा लगाने में दिलचस्पी दिखा रहे हैं। इससे न केवल राज्य की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए मौके भी पैदा होंगे।
विदेशी निवेश और क्लीन एनर्जी पर क्या बोले अधिकारी
ऑस्ट्रेलिया के कांसुल जनरल Paul Murphy ने बताया कि उनके बिजनेस प्रतिनिधि सबसे ज्यादा मुंबई आते हैं। उन्होंने बताया कि ऑस्ट्रेलिया की कंपनियां महाराष्ट्र में इंफ्रास्ट्रक्चर और रूफटॉप सोलर जैसे क्लीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स में लंबे समय के लिए निवेश करना चाहती हैं। वहीं फिनलैंड के कांसुल जनरल Erik Hallstrom ने कहा कि उनकी कंपनियां सस्टेनेबिलिटी, ग्रीन टेक्नोलॉजी और शिक्षा के क्षेत्र में काम करने के लिए तैयार हैं। अमेरिका के राजदूत Sergio Gor ने भी आने वाले समय में परमाणु ऊर्जा (Nuclear Energy) के क्षेत्र में भारत और अमेरिका के बीच गहरी साझेदारी का संकेत दिया है।
डेटा सेंटर और पावर प्रोजेक्ट्स से कितना होगा फायदा
राज्य सरकार और MIDC के आंकड़ों के मुताबिक, महाराष्ट्र डेटा सेंटर का बड़ा हब बन गया है। यहां 16.69 लाख करोड़ रुपये के निवेश की पाइपलाइन तैयार है, जिसमें 44 बड़े प्रोजेक्ट्स शामिल हैं। इससे करीब 1.46 लाख लोगों को सीधे नौकरी मिलने की उम्मीद है। नवी मुंबई और तलोजा कॉरिडोर इस निवेश के मुख्य केंद्र रहेंगे। इसके अलावा, सरकार ने NTPC, Reliance और Adani Power जैसी बड़ी कंपनियों के साथ 6.5 लाख करोड़ रुपये के समझौते किए हैं, जिससे 25,400 MW क्लीन एनर्जी क्षमता विकसित होगी और 1.23 लाख नौकरियां पैदा होंगी।
सरकारी योजनाएं और भविष्य के लक्ष्य
मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री मोदी के विजन के साथ मिलकर भारत को ऊर्जा के मामले में सुरक्षित बनाने पर काम कर रही है। महाराष्ट्र की रिन्यूएबल एनर्जी पॉलिसी 2025-2035 के तहत लक्ष्य रखा गया है कि 2029 तक 50% और 2047 तक 75% बिजली क्लीन एनर्जी से बनाई जाए। इसके लिए 3 लाख करोड़ रुपये के निवेश का अनुमान है। मुख्यमंत्री सौर कृषि वाहिनी योजना 2.0 के जरिए 16,000 MW सोलर क्षमता का लक्ष्य है, जिसमें से 10,000 MW दिसंबर 2026 तक पूरे होने की उम्मीद है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
महाराष्ट्र में डेटा सेंटर निवेश से कितनी नौकरियां मिलेंगी?
राज्य सरकार और MIDC के अनुसार, 16.69 लाख करोड़ रुपये के निवेश वाले 44 मेगा प्रोजेक्ट्स से करीब 1.46 लाख लोगों को सीधे तौर पर रोजगार मिलने की संभावना है।
क्लीन एनर्जी के लिए किन कंपनियों के साथ समझौता हुआ है?
महाराष्ट्र सरकार ने NTPC Limited, Adani Power Limited, Reliance Industries Limited और Lalitpur Power Generation Company के साथ 6.5 लाख करोड़ रुपये के MoUs साइन किए हैं।