Maharashtra में रेस्टोरेंट के मेन्यू कार्ड पर लिखनी होगी कैलोरी और एलर्जी की जानकारी, FDA ने शुरू किया बड़ा अभियान

Maharashtra: महाराष्ट्र के होटल और रेस्टोरेंट चलाने वालों के लिए अब नियम सख्त हो गए हैं। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) ने गुरुवार, 24 जून 2026 से पूरे राज्य में ‘Safe Food, Healthy Maharashtra&#8217

Maharashtra: महाराष्ट्र के होटल और रेस्टोरेंट चलाने वालों के लिए अब नियम सख्त हो गए हैं। महाराष्ट्र Food and Drug Administration (FDA) ने गुरुवार, 24 जून 2026 से पूरे राज्य में ‘Safe Food, Healthy Maharashtra’ अभियान शुरू किया है। इस मुहिम के तहत राज्य के करीब 4.5 लाख फूड आउटलेट्स की जांच होगी ताकि लोगों को सुरक्षित और साफ-सुथरा खाना मिल सके।

FDA कमिश्नर तुकाराम मुंडे ने साफ कहा है कि सुरक्षित खाना हर नागरिक का बुनियादी अधिकार है और इसे सुनिश्चित करना व्यापारियों की सामाजिक जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी दी है कि जो संस्थान नियमों का पालन नहीं करेंगे, उन्हें या तो रजिस्ट्रेशन कराना होगा या अपनी दुकान बंद करनी होगी। नियमों की अनदेखी करने पर 10 लाख रुपये तक का जुर्माना या गंभीर मामलों में उम्रकैद तक की सजा हो सकती है।

नए नियमों के मुताबिक अब बड़े चेन रेस्टोरेंट और सेंट्रली लाइसेंस वाले संस्थानों को अपने मेन्यू में कैलोरी, न्यूट्रिशन और एलर्जी की जानकारी देना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, सभी ईटिंग आउटलेट्स को ग्राहकों के लिए मुफ्त और सुरक्षित पीने का पानी देना होगा, जिसकी सूचना मराठी और अंग्रेजी में लिखी होनी चाहिए। बोतलबंद पानी बेचा जा सकता है, लेकिन वह मुफ्त पानी का विकल्प नहीं हो सकता।

नियम का क्षेत्र अनिवार्य निर्देश
किचन और हाइजीन किचन साफ होना चाहिए, वॉशरूम की सफाई जरूरी है और कच्चे व पके खाने को अलग रखना होगा।
स्टाफ की सेहत खाना बनाने वालों का सालाना हेल्थ चेक-अप जरूरी है। वे काम के दौरान गुटखा, पान या तंबाकू का इस्तेमाल नहीं कर सकते।
पैकेजिंग खाने को अखबार में लपेटकर देना मना है, केवल सर्टिफाइड फूड-ग्रेड मटेरियल का ही इस्तेमाल होगा।
उपकरण शाकाहारी और मांसाहारी खाने के लिए अलग-अलग रंग के चॉपिंग बोर्ड का इस्तेमाल करना होगा।
ई-कॉमर्स डिलीवरी ट्रेनिंग पाए लोग ही डिलीवरी करेंगे और पैकिंग टेम्परेचर-कंट्रोल और टैम्पर-प्रूफ होनी चाहिए।
लाइसेंस बिना FSSAI लाइसेंस या रजिस्ट्रेशन के काम करना सख्त मना है।
कुकिंग ऑयल इस्तेमाल किए हुए तेल को दोबारा रिसाइकिल करके इस्तेमाल करने पर सख्त पाबंदी है।

यह अभियान उन शिकायतों के बाद शुरू किया गया है जिनमें किचन में कीड़े-मकौड़े, खराब स्टोरेज और गंदे पानी जैसी समस्याएं सामने आई थीं। अगर किसी ग्राहक को किसी रेस्टोरेंट में गड़बड़ी दिखती है, तो वह FSSAI हेल्पलाइन (1800-114-000) या FDA महाराष्ट्र टोल-फ्री नंबर (1800-222-365) पर शिकायत कर सकता है।