Maharashtra: मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis हाल ही में अपनी Royal Enfield Classic 350 बाइक से सरकारी आवास ‘वर्षा’ से विधान भवन गए थे। इस सवारी को ईंधन बचाने और सादगी को बढ़ावा देने का तरीका बताया गया था। लेकिन
Maharashtra: मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis हाल ही में अपनी Royal Enfield Classic 350 बाइक से सरकारी आवास ‘वर्षा’ से विधान भवन गए थे। इस सवारी को ईंधन बचाने और सादगी को बढ़ावा देने का तरीका बताया गया था। लेकिन अब इस राइड को लेकर राजनीति शुरू हो गई है और Congress ने इस पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
CM Fadnavis की बाइक राइड और Congress के आरोप क्या हैं?
13 मई 2026 को CM Fadnavis, BJP नेता Ashish Shelar के साथ बाइक से विधान भवन पहुंचे थे। अगले दिन Congress नेता Vijay Wadettiwar और MP Varsha Gaikwad ने आरोप लगाया कि इस बाइक का Pollution Under Control (PUC) सर्टिफिकेट एक्सपायर हो चुका है। Varsha Gaikwad ने दावा किया कि PUC 10 जनवरी 2025 को ही खत्म हो गया था। उन्होंने सवाल किया कि क्या पुलिस आम जनता की तरह मुख्यमंत्री पर भी जुर्माना लगाएगी।
सरकार ने बाइक राइड के पीछे क्या वजह बताई?
मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, यह एक प्रतीकात्मक कदम था। प्रधानमंत्री Narendra Modi की अपील के मुताबिक ईंधन की खपत कम करने और सादगी अपनाने के लिए उन्होंने बाइक का इस्तेमाल किया। राज्य सरकार ने इसी हफ्ते खर्चे कम करने के लिए मंत्रियों के काफिले को आधा करने और विदेश दौरों को रद्द करने का फैसला भी लिया था।
Maharashtra में PUC नियम और जुर्माने का प्रावधान
Motor Vehicles Act 1988 के तहत महाराष्ट्र में सभी वाहनों के लिए वैध PUC सर्टिफिकेट होना जरूरी है। नए BS-IV और BS-VI वाहनों के लिए इसकी वैधता एक साल होती है। नियम तोड़ने पर टू-व्हीलर के लिए पहली बार में 1,000 रुपये का जुर्माना लग सकता है। सरकार जल्द ही ‘No PUC, No fuel’ नियम लागू करने की योजना बना रही है ताकि प्रदूषण कम किया जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
CM Fadnavis की बाइक का PUC कब एक्सपायर हुआ था?
Congress MP Varsha Gaikwad के दावों के अनुसार, मुख्यमंत्री की बाइक का PUC सर्टिफिकेट 10 जनवरी 2025 को एक्सपायर हो गया था।
Maharashtra में बिना PUC के गाड़ी चलाने पर कितना जुर्माना है?
दोपहिया वाहनों के लिए पहली बार नियम तोड़ने पर 1,000 रुपये का जुर्माना है। बार-बार गलती करने पर यह राशि बढ़ सकती है और लाइसेंस सस्पेंड भी हो सकता है।