UP : राजधानी लखनऊ में विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर प्रकृति को बचाने के लिए खास पौध वितरण कार्यक्रम किया गया। विभूति खंड के विराज टावर में स्थित Dainik Bhaskar समूह के कार्यालय में यह आयोजन हुआ। यह पूरी मुहिम उत्तर प्रद
UP : राजधानी लखनऊ में विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर प्रकृति को बचाने के लिए खास पौध वितरण कार्यक्रम किया गया। विभूति खंड के विराज टावर में स्थित Dainik Bhaskar समूह के कार्यालय में यह आयोजन हुआ। यह पूरी मुहिम उत्तर प्रदेश सरकार के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का हिस्सा है, जिसके जरिए राज्य में हरियाली बढ़ाने की कोशिश की जा रही है।
मुख्यमंत्री और रक्षा मंत्री ने कैसे की शुरुआत
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने लखनऊ के कुकरैल वन क्षेत्र से इस राज्यव्यापी अभियान की शुरुआत की। उन्होंने अपने सरकारी आवास पर आम का पौधा भी लगाया। वहीं, रक्षा मंत्री Rajnath Singh ने लखनऊ छावनी में पौधा लगाकर इस हरित पहल में हिस्सा लिया और इसे एक बड़ी हरित क्रांति बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगर पर्यावरण बचेगा तभी प्रकृति और जीव सृष्टि बचेगी।
राज्य में पौधरोपण का लक्ष्य और विभाग की जिम्मेदारी
यूपी सरकार ने इस बार पूरे प्रदेश में कुल 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है। इसमें लखनऊ मंडल के लिए 62.77 लाख पौधों का टारगेट दिया गया है। इन पौधों को अमृत सरोवरों, तालाबों, सड़कों, एक्सप्रेसवे और नदियों के किनारे लगाया जाएगा। अलग-अलग विभागों को उनकी जिम्मेदारी इस तरह बांटी गई है:
| विभाग का नाम |
पौधों का लक्ष्य |
| ग्रामीण विकास विभाग |
3 करोड़ |
| कृषि विभाग |
75 लाख |
| वन विभाग |
50 लाख |
| उद्यान विभाग |
50 लाख |
| पंचायती राज विभाग |
20 लाख |
| नगर विकास विभाग |
5 लाख |
इस अभियान में सरकारी विभागों के अलावा स्कूलों, कॉलेजों, स्वयं सहायता समूहों और सामाजिक संगठनों को भी जोड़ा गया है ताकि ज्यादा से ज्यादा आम लोग इसमें हिस्सा ले सकें।
Frequently Asked Questions (FAQs)
एक पेड़ मां के नाम अभियान क्या है?
यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा तीन साल पहले शुरू किया गया एक अभियान है, जिसके तहत पर्यावरण संरक्षण के लिए लोगों को अपनी माता के नाम पर एक पौधा लगाने के लिए प्रेरित किया जाता है।
यूपी सरकार ने इस बार कितने पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है?
उत्तर प्रदेश सरकार ने विश्व पर्यावरण दिवस पर राज्य भर में कुल 5 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसमें विभिन्न सरकारी विभागों की भागीदारी है।