UP : लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र की वृंदावन योजना में एक मकान मालिक और उसके साथियों पर गंभीर आरोप लगे हैं। यहाँ रहने वाली किराएदार महिला संगीता देवी और उनके परिवार के साथ मारपीट, छेड़छाड़ और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल क
UP : लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र की वृंदावन योजना में एक मकान मालिक और उसके साथियों पर गंभीर आरोप लगे हैं। यहाँ रहने वाली किराएदार महिला संगीता देवी और उनके परिवार के साथ मारपीट, छेड़छाड़ और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करने का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत के बाद पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया है।
क्या है पूरा मामला और पुलिस ने क्या कार्रवाई की
घटना 12 मई 2026 की है जब संगीता देवी और उनके परिवार की महिलाओं के साथ बदसलूकी की गई। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि मकान मालिक और उसके साथियों ने उनके साथ मारपीट की और जातिसूचक टिप्पणियां कीं। पीजीआई पुलिस ने इस मामले में मकान मालिक समेत कुल सात लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अब इस पूरे मामले की जांच कर रही है।
सबूत और कानूनी स्थिति क्या है
पीड़िता संगीता देवी ने दावा किया है कि उनके पास इस पूरी घटना का वीडियो मौजूद है, जो सबूत के तौर पर काम आएगा। इसी दिन सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसला सुनाया था कि निजी घर के अंदर और जनता की नजर से दूर किए गए जातिसूचक अपमान एससी/एसटी एक्ट के तहत अपराध नहीं माने जाएंगे। कोर्ट ने साफ किया कि धारा 3(1)(r) और 3(1)(s) के तहत अपराध साबित करने के लिए घटना का सार्वजनिक दृष्टिकोण में होना जरूरी है, भले ही वह जगह निजी हो।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह घटना लखनऊ में कहाँ की है और किन पर मामला दर्ज हुआ है?
यह घटना लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र की वृंदावन योजना की है। पुलिस ने मकान मालिक और उसके 6 अन्य साथियों, कुल सात लोगों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट और अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया है।
पीड़िता ने सबूत के तौर पर क्या पेश किया है?
पीड़िता संगीता देवी ने दावा किया है कि उनके पास घटना का वीडियो है, जिसे पुलिस जांच में इस्तेमाल किया जा सकता है।