Lucknow में सीवर ओवरफ्लो से लोग परेशान, विधायक की नाराजगी के बाद सुएज इंडिया को नोटिस
Lucknow : शहर के कई इलाकों में सीवर उफनाने से लोग काफी परेशान हैं। जानकीपुरम, अलीगंज और फैजुल्लागंज जैसे क्षेत्रों में पिछले दो महीनों से समस्या बनी हुई है, लेकिन शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। अब उत्तरी विधानसभा
Lucknow : शहर के कई इलाकों में सीवर उफनाने से लोग काफी परेशान हैं। जानकीपुरम, अलीगंज और फैजुल्लागंज जैसे क्षेत्रों में पिछले दो महीनों से समस्या बनी हुई है, लेकिन शिकायतों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। अब उत्तरी विधानसभा के विधायक नीरज बोरा की कड़ी नाराजगी के बाद जलकल विभाग ने एक्शन लिया है।
जलकल विभाग ने सीवर प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालने वाली निजी कंपनी सुएज इंडिया को नोटिस जारी किया है। विधायक नीरज बोरा ने दो महीने से लंबित समस्याओं पर गुस्सा जताया और अधिकारियों को इसे ठीक करने के लिए 10 दिन का समय दिया है। जलकल विभाग के महाप्रबंधक कुलदीप सिंह ने जोन-तीन के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिया है कि फैजुल्लागंज, अलीगंज और जानकीपुरम की समस्याओं को 10 दिन में दूर किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर काम नहीं हुआ तो लापरवाही बरतने वालों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
नगर निगम और जलकल विभाग की शिकायतों के निपटारे के लिए 3 जुलाई 2026 को लालबाग स्थित नगर निगम मुख्यालय में ‘संपूर्ण समाधान दिवस’ का आयोजन होगा। इसमें महापौर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार खुद लोगों की समस्याएं सुनेंगे।
सीवर की समस्या के साथ-साथ सुरक्षा का बड़ा खतरा भी सामने आया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 29 जून 2026 को लखनऊ के 71 सीवर मैनहोलों के बीच से गुजरने वाले बिजली के केबल हटाने का निर्देश दिया था। यह कदम इसलिए उठाया गया क्योंकि सीवर में मीथेन गैस बनती है और बिजली के केबल की वजह से विस्फोट होने का खतरा रहता है।
शहर में सीवर रखरखाव पर हर साल 100 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च होते हैं, फिर भी वार्ड-24 और अन्य इलाकों में लोग गंदगी और बदबू से जूझ रहे हैं। लंबे समय से लंबित शिकायतों के कारण संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।