UP : लखनऊ के माल थाना क्षेत्र के नवीपनाह गांव में शुक्रवार को एक बड़ा हादसा हो गया. यहां सेप्टिक टैंक की सफाई करने उतरे दो मजदूरों की जहरीली गैस की वजह से मौत हो गई. पहले एक मजदूर नीचे गया और जब काफी देर तक उसकी कोई आवाज
UP : लखनऊ के माल थाना क्षेत्र के नवीपनाह गांव में शुक्रवार को एक बड़ा हादसा हो गया. यहां सेप्टिक टैंक की सफाई करने उतरे दो मजदूरों की जहरीली गैस की वजह से मौत हो गई. पहले एक मजदूर नीचे गया और जब काफी देर तक उसकी कोई आवाज नहीं आई, तो उसे बचाने के लिए दूसरा मजदूर भी अंदर उतर गया और दोनों की जान चली गई.
सेप्टिक टैंक की सफाई से जुड़े सरकारी नियम क्या हैं
उत्तर प्रदेश स्थानीय निकाय निदेशालय के मई 2022 के नियमों के मुताबिक, बिना सुरक्षा उपकरणों और SOP के किसी भी व्यक्ति को सेप्टिक टैंक या सीवर में उतारना कानूनी अपराध है. नियमों के अनुसार, सफाई के लिए मशीनों का इस्तेमाल होना चाहिए और कर्मचारियों का कम से कम 10 लाख रुपये का जीवन बीमा होना जरूरी है. साथ ही, सफाईकर्मियों की नियमित मेडिकल जांच और टीकाकरण का प्रावधान है.
असुरक्षित सफाई करवाने पर कितनी सजा हो सकती है
अक्टूबर 2023 के अपडेट के अनुसार, हाथ से मैला उठाना और असुरक्षित तरीके से सेप्टिक टैंक की सफाई करवाना एक दंडनीय अपराध है. ऐसा करने वालों को 2 से 5 साल की जेल हो सकती है और 5 लाख रुपये तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है. लखनऊ नगर निगम ने अप्रैल 2026 में निजी सफाई संस्थाओं को पंजीकरण के लिए समय दिया था, ताकि अवैध रूप से काम करने वालों पर कार्रवाई की जा सके.
यूपी में पहले भी हो चुके हैं ऐसे हादसे
राज्य में इस तरह की घटनाएं पहले भी सामने आई हैं. मार्च 2026 में कानपुर के कल्याणपुर में जहरीली गैस से पिता और पुत्र की मौत हो गई थी. वहीं अप्रैल 2026 में अयोध्या के हैदरगंज में एक मजदूर और उसे बचाने गए मकान मालिक की जान चली गई थी. ये घटनाएं सुरक्षा नियमों की अनदेखी की वजह से होती हैं.
Frequently Asked Questions (FAQs)
सेप्टिक टैंक की सफाई के लिए क्या नियम हैं?
नियमों के अनुसार बिना सुरक्षा उपकरणों के टैंक में उतरना मना है. सफाई का काम मशीनों से होना चाहिए और काम करने वाले मजदूरों का 10 लाख रुपये का बीमा होना अनिवार्य है.
असुरक्षित सफाई करवाने पर क्या जुर्माना है?
हाथ से मैला उठाना या असुरक्षित सफाई करवाना कानूनी अपराध है. इसमें 2 से 5 साल की कैद और 5 लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है.