UP: लखनऊ के सरोजिनी नगर में व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। उत्तर प्रदेश जनहित व्यापार मण्डल ने अपनी सालों पुरानी समस्याओं को लेकर प्रशासन को अल्टीमेटम दिया है। व्यापारियों का कहना है कि अगर आठ दिनों के भीतर उनकी मांग
UP: लखनऊ के सरोजिनी नगर में व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा है। उत्तर प्रदेश जनहित व्यापार मण्डल ने अपनी सालों पुरानी समस्याओं को लेकर प्रशासन को अल्टीमेटम दिया है। व्यापारियों का कहना है कि अगर आठ दिनों के भीतर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे अधिकारियों का घेराव करेंगे।
व्यापारियों ने क्यों दी आंदोलन की चेतावनी?
उत्तर प्रदेश जनहित व्यापार मण्डल के प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश शर्मा के नेतृत्व में एक टीम ने अंकित शुक्ला को ज्ञापन सौंपा। व्यापारियों की शिकायत है कि उनकी कई समस्याएं वर्षों से लंबित हैं और प्रशासन की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। अब व्यापारियों ने साफ कर दिया है कि वे और इंतजार नहीं करेंगे और आठ दिन बाद बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।
क्या है पूरा मामला और पुराना विवाद?
यह विवाद केवल अभी का नहीं है। इससे पहले 10 अप्रैल 2026 को भी व्यापारियों ने कानपुर रोड पर चिल्लावां गांव जाने वाले मुख्य मार्ग के कट बंद किए जाने का विरोध किया था। उस समय एसीपी कृष्णा नगर और एसीपी ट्रैफिक ने आश्वासन दिया था कि एसडीएम सरोजिनी नगर और NHAI अधिकारियों के साथ बैठक कर वैकल्पिक रास्ता निकाला जाएगा। माना जा रहा है कि सड़क और ट्रैफिक से जुड़ी यही समस्याएं अब बड़े आंदोलन का रूप ले रही हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
व्यापारियों ने प्रशासन को कितना समय दिया है?
उत्तर प्रदेश जनहित व्यापार मण्डल ने अपनी समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन को 8 दिन का समय दिया है, जिसके बाद वे अधिकारियों का घेराव करेंगे।
विरोध प्रदर्शन का मुख्य कारण क्या है?
व्यापारी अपनी वर्षों पुरानी समस्याओं से परेशान हैं। इसमें कानपुर रोड पर चिल्लावां गांव मार्ग के कट बंद होने जैसी ट्रैफिक और सड़क संबंधी समस्याएं भी शामिल हैं।