Lucknow के सरोजिनी नगर में एम्बुलेंस चालकों की ट्रेनिंग, सुरक्षित ड्राइविंग और सड़क सुरक्षा नियमों की दी गई जानकारी
Lucknow/Sarojini Nagar: लखनऊ के सरोजिनी नगर ब्लॉक के बेहटा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में गुरुवार को एम्बुलेंस चालकों और पायलटों के लिए एक खास ट्रेनिंग प्रोग्राम चलाया गया। यह कार्यक्रम EMRI ग्रीन हेल्थ सर्वि
Lucknow/Sarojini Nagar: लखनऊ के सरोजिनी नगर ब्लॉक के बेहटा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में गुरुवार को एम्बुलेंस चालकों और पायलटों के लिए एक खास ट्रेनिंग प्रोग्राम चलाया गया। यह कार्यक्रम EMRI ग्रीन हेल्थ सर्विसेज (GVK एंटरप्राइजेज) द्वारा आयोजित किया गया, जिसका मकसद आपातकालीन सेवाओं के दौरान सड़क सुरक्षा और सुरक्षित ड्राइविंग को बढ़ावा देना था।
इस ट्रेनिंग में चालकों को सुरक्षित और रक्षात्मक ड्राइविंग (Defensive Driving) के तरीकों के साथ-साथ सड़क सुरक्षा संकेतों की बारीकियों के बारे में बताया गया। EMRI ग्रीन हेल्थ सर्विसेज देश में 108 और 112 जैसे टोल-फ्री नंबरों के जरिए इमरजेंसी सेवाएं देती है। इनके एम्बुलेंस ड्राइवर ट्रेनिंग प्रोग्राम (ADTP) के तहत चालकों को ऑडियो-विजुअल क्लास, ड्रिल अभ्यास और एक्सपर्ट लेक्चर दिए जाते हैं ताकि वे मरीज की गंभीरता और रफ्तार के बीच सही संतुलन बना सकें।
वहीं दूसरी ओर, उत्तर प्रदेश सरकार ने सड़क हादसों को कम करने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस की प्रक्रिया को भी आधुनिक बनाया है। 1 जुलाई 2026 से राज्य में व्यावसायिक वाहन चालकों के लिए ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्टिंग एंड ट्रेनिंग सेंटर (ADTC), ड्राइविंग ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (DTI) और इंस्टीट्यूट ऑफ ड्राइविंग ट्रेनिंग एंड रिसर्च (IDTR) से ट्रेनिंग और टेस्ट पास करना अनिवार्य कर दिया गया है। लखनऊ में मॉडर्न ADTC सेंटर की शुरुआत 28 जुलाई 2026 को हुई थी और 29 जुलाई से यहां लाइसेंस के लिए टेस्टिंग शुरू हो गई है।
परिवहन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह ने बताया कि अब ड्राइविंग टेस्ट वैज्ञानिक तरीके से होंगे जिससे चालकों के कौशल में सुधार होगा। नए सिस्टम में अभ्यर्थियों को सिर्फ गाड़ी चलाना ही नहीं, बल्कि यातायात संकेत, आपात स्थिति में फैसला लेने की क्षमता, वाहन के रखरखाव और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी भी सिखाई जाएगी।