UP: लखनऊ पुलिस लाइन में सिपाही सुनील कुमार शुक्ला द्वारा भ्रष्टाचार और वसूली के आरोप लगाने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। इस मामले में सोमवार देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए 12 पुलिसकर्मियों को हटाया गया और ACP लाइन श
UP: लखनऊ पुलिस लाइन में सिपाही सुनील कुमार शुक्ला द्वारा भ्रष्टाचार और वसूली के आरोप लगाने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। इस मामले में सोमवार देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए 12 पुलिसकर्मियों को हटाया गया और ACP लाइन शिप्रा पांडेय की जगह अब सौम्या पांडेय को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। सिपाही सुनील ने वीडियो जारी कर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके बाद अब पूरे मामले की जांच शुरू हो गई है।
कौन हैं सिपाही सुनील और उन्होंने क्या आरोप लगाए
सिपाही सुनील कुमार शुक्ला 2015 बैच के पुलिसकर्मी हैं और अमेठी के गौरीगंज के रहने वाले हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर तीन वीडियो जारी कर दावा किया कि पुलिस लाइन में ड्यूटी लगाने के नाम पर भ्रष्टाचार चलता है और प्रति सिपाही दो-दो हजार रुपये तक की वसूली की जाती है। सुनील ने बताया कि वे पिछले सात-आठ सालों से परेशान हैं और कई जगह शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। उन्होंने अपनी जान को खतरा बताते हुए सुरक्षा की मांग की है।
किन पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज और क्या है नई व्यवस्था
संयुक्त पुलिस आयुक्त अपराध एवं मुख्यालय ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए 12 पुलिसकर्मियों को उनके पदों से हटा दिया है। हटाए गए लोगों में दारोगा जयराम, मुख्य आरक्षी गुन्चा खां, प्रियंका, ऋचा पटेल और आशुतोष अवस्थी समेत अन्य शामिल हैं। साथ ही ACP लाइन शिप्रा पांडेय का कार्यक्षेत्र बदलकर ACP साइबर क्राइम सौम्या पांडेय को यह जिम्मेदारी दी गई है। अब गणना कार्यालय में ड्यूटी लगाने के लिए कंप्यूटरीकृत सॉफ्टवेयर सिस्टम लाया जाएगा ताकि किसी भी तरह के भेदभाव या वसूली को रोका जा सके।
पुलिस प्रशासन का क्या कहना है और जांच की स्थिति क्या है
अपर पुलिस उपायुक्त पश्चिमी धनंजय सिंह कुशवाहा इस पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। लखनऊ पुलिस ने सोशल मीडिया पर कहा कि सिपाही द्वारा लगाए गए आरोप भ्रामक और गलत हैं। अधिकारियों का कहना है कि जांच प्रक्रिया प्रभावित न हो, इसलिए गणना कार्यालय के स्टाफ को हटाया गया है। वहीं सुनील शुक्ला का कहना है कि जब तक सिस्टम में सुधार नहीं होगा, वे पीछे नहीं हटेंगे और उन्होंने सुधार कमेटी में अपनी भागीदारी की मांग की है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सिपाही सुनील कुमार शुक्ला ने क्या आरोप लगाए हैं?
सिपाही सुनील ने आरोप लगाया है कि लखनऊ पुलिस लाइन में ड्यूटी आवंटन के नाम पर भ्रष्टाचार होता है और पुलिसकर्मियों से प्रति व्यक्ति 2,000 रुपये तक की वसूली की जाती है।
भ्रष्टाचार रोकने के लिए पुलिस प्रशासन क्या नया कदम उठा रहा है?
पुलिस अब गणना कार्यालय में ड्यूटी आवंटन के लिए एक कंप्यूटरीकृत सॉफ्टवेयर आधारित प्रणाली (Computerized Software System) लागू करेगी ताकि बिना किसी भेदभाव के पारदर्शी तरीके से ड्यूटी लगाई जा सके।