UP : लखनऊ पुलिस ने जिलाबदर आदेश का उल्लंघन करने वाले एक अपराधी को दोबारा गिरफ्तार किया है। आरोपी ने कोर्ट के आदेश को नजरअंदाज कर शहर में घुसने की कोशिश की, जिसके बाद विकासनगर थाना पुलिस ने उसे धर दबोचा। पुलिस की इस कार्र
UP : लखनऊ पुलिस ने जिलाबदर आदेश का उल्लंघन करने वाले एक अपराधी को दोबारा गिरफ्तार किया है। आरोपी ने कोर्ट के आदेश को नजरअंदाज कर शहर में घुसने की कोशिश की, जिसके बाद विकासनगर थाना पुलिस ने उसे धर दबोचा। पुलिस की इस कार्रवाई से इलाके के अपराधियों में हड़कंप है।
कौन है गिरफ्तार आरोपी और क्या है मामला
पकड़े गए आरोपी की पहचान 23 साल के रजत चौधरी के रूप में हुई है। रजत को साल 2025 में उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम 1970 की धारा 3 के तहत 6 महीने के लिए लखनऊ से बाहर रहने का आदेश दिया गया था। यह आदेश 31 अक्टूबर 2025 को जारी हुआ था और आरोपी को इसकी जानकारी 4 नवंबर 2025 को दे दी गई थी।
कैसे हुई गिरफ्तारी और अब क्या होगी कार्रवाई
रजत चौधरी ने जिलाबदर के आदेश को ताक पर रखकर विकासनगर थाना क्षेत्र में अपनी गतिविधियां शुरू कर दी थीं। पुलिस ने जब उसे दोबारा सक्रिय पाया, तो तुरंत गिरफ्तारी की कार्रवाई की। अब उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम की धारा 3/10 के तहत नया मुकदमा (अपराध संख्या 70/2026) दर्ज किया गया है। कोर्ट में पेशी के बाद उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
जिलाबदर (Deportation) का आदेश क्या होता है?
जब कोई व्यक्ति बार-बार अपराध करता है, तो प्रशासन उसे एक निश्चित समय के लिए उस शहर या जिले की सीमा से बाहर रहने का आदेश देता है ताकि इलाके में शांति बनी रहे।
रजत चौधरी के खिलाफ कौन सी धाराओं में केस दर्ज हुआ है?
आरोपी के खिलाफ उत्तर प्रदेश गुंडा नियंत्रण अधिनियम 1970 की धारा 3/10 के तहत मुकदमा अपराध संख्या 70/2026 दर्ज किया गया है।