UP : लखनऊ के हजरतगंज में पंचायत चुनाव समय पर कराने की मांग को लेकर ग्राम प्रधानों और जिला पंचायत सदस्यों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान डिप्टी सीएम Brijesh Pathak वहां पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को मिठाई खिलाकर उनका मन जीता।
UP : लखनऊ के हजरतगंज में पंचायत चुनाव समय पर कराने की मांग को लेकर ग्राम प्रधानों और जिला पंचायत सदस्यों ने प्रदर्शन किया। इस दौरान डिप्टी सीएम Brijesh Pathak वहां पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को मिठाई खिलाकर उनका मन जीता। पाठक ने भरोसा दिलाया कि सरकार किसी को निराश नहीं करेगी और समय पर चुनाव कराने की कोशिश करेगी।
प्रदर्शन क्यों हुआ और सरकार का क्या आश्वासन है?
18 मई 2026 को जीपीओ गांधी प्रतिमा पर ‘लोकतंत्र बचाओ, पंचायत बचाओ’ अभियान के तहत यह प्रदर्शन किया गया। इसमें ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य और जिला पंचायत सदस्य शामिल हुए। डिप्टी सीएम ने कहा कि सरकार चुनाव कराने के लिए तैयार है, लेकिन मामला अभी कोर्ट में लंबित है। अदालत के फैसले के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू होगी।
चुनावों की तैयारी और आरक्षण का क्या है अपडेट?
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ओबीसी आरक्षण तय करने के लिए एक ‘समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग’ बनाने की मंजूरी मिलने की संभावना है। इस आयोग की रिपोर्ट के बाद ही ओबीसी आरक्षण का स्वरूप तय होगा। वहीं, राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची को 10 जून 2026 तक फाइनल करने का समय तय किया है।
कार्यकाल और कोर्ट के निर्देश क्या कहते हैं?
पंचायती राज मंत्री Om Prakash Rajbhar ने साफ किया है कि प्रतिनिधियों का कार्यकाल बढ़ाए बिना जुलाई 2026 से पहले चुनाव कराए जाएंगे। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 19 मार्च 2026 को निर्देश दिया था कि चुनाव प्रक्रिया 26 मई 2026 को कार्यकाल समाप्त होने से पहले पूरी कर ली जाए।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यूपी पंचायत चुनाव कब तक हो सकते हैं?
पंचायती राज मंत्री के अनुसार जुलाई 2026 से पहले चुनाव कराए जाएंगे, हालांकि यह कोर्ट के निर्देशों और फैसले पर निर्भर करेगा।
ओबीसी आरक्षण का फैसला कैसे होगा?
सरकार एक समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन कर रही है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर आगामी पंचायत चुनावों में ओबीसी आरक्षण तय किया जाएगा।