Lucknow में पेपर लीक के खिलाफ NSUI का प्रदर्शन, पुलिस ने कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया

Lucknow: नीट समेत कई बड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से नाराज NSUI कार्यकर्ताओं ने लखनऊ की सड़कों पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच काफी धक्का-मुक्की हुई, जिसके बाद पुलिस ने कई कार्यकर्ताओ

Lucknow: नीट समेत कई बड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक होने से नाराज NSUI कार्यकर्ताओं ने लखनऊ की सड़कों पर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच काफी धक्का-मुक्की हुई, जिसके बाद पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर बस में बैठाया। यह पूरा मामला रविवार, 14 जून 2026 का है जब छात्र संगठन ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला था।

NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ और प्रदेश अध्यक्ष अनस रहमान के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय से राजभवन तक मार्च निकालने की कोशिश की। प्रदर्शनकारी नीट, लेखपाल और यूपी सब-इंस्पेक्टर भर्ती जैसी परीक्षाओं में हुई गड़बड़ियों का विरोध कर रहे थे। पुलिस ने लाल बहादुर शास्त्री मार्ग पर भारी बैरिकेडिंग कर रखी थी, जिससे कार्यकर्ता आगे नहीं बढ़ पाए। भीड़ को हटाने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया, जिसमें एक कार्यकर्ता के सिर में चोट लगने और बेहोश होने की खबर आई, जिसे तुरंत सिविल अस्पताल ले जाया गया।

प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और NTA पर प्रतिबंध लगाने की मांग की। साथ ही, पेपर लीक की वजह से जिन छात्रों ने अपनी जान गंवाई, उनके परिवारों को 5 करोड़ रुपये का मुआवजा देने की बात कही। NSUI नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार पेपर लीक माफियाओं को बचा रही है और निष्पक्ष परीक्षाएं कराने में नाकाम रही है।

इस विरोध प्रदर्शन को रोकने के लिए प्रशासन काफी सख्त नजर आया। लखनऊ के अलावा अमेठी में भी NSUI के कई पदाधिकारियों को घर में ही नजरबंद कर दिया गया था ताकि वे लखनऊ न पहुंच सकें। पुलिस ने हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारियों को इको गार्डन ले जाया, जहां से उन्हें शाम को रिहा किया गया। कांग्रेस नेताओं ने पुलिस की इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया है। NSUI ने साफ किया है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका विरोध जारी रहेगा।