Lucknow को क्लीन बनाने के लिए नया प्लान, सुबह 6 से 9 बजे तक फील्ड में दिखेंगे नगर निगम के अफसर

Lucknow: राजधानी लखनऊ को साफ-सुथरा बनाने और स्वच्छ सर्वेक्षण-2026 में बेहतर रैंक लाने के लिए नगर निगम ने कमर कस ली है। महापौर सुषमा खर्कवाल ने निगम के अधिकारियों के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं ताकि शहर की सफाई व्यवस्था

Lucknow: राजधानी लखनऊ को साफ-सुथरा बनाने और स्वच्छ सर्वेक्षण-2026 में बेहतर रैंक लाने के लिए नगर निगम ने कमर कस ली है। महापौर सुषमा खर्कवाल ने निगम के अधिकारियों के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं ताकि शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार हो सके। अब अफसरों को दफ्तर में बैठने के बजाय जमीन पर उतरकर काम करना होगा।

महापौर ने साफ कहा है कि शहर के लोगों को साफ-सुथरी और सुरक्षित सुविधाएं देना नगर निगम की पहली प्राथमिकता है। उन्होंने सड़क कटिंग, निर्माण सामग्री और मलबे के ढेर से होने वाली परेशानी पर चिंता जताई है। इन समस्याओं को दूर करने के लिए अब एक सख्त रूटीन लागू किया गया है।

नए नियमों के मुताबिक, सभी संबंधित अधिकारियों को रोज सुबह 6 बजे से 9 बजे तक अपने आवंटित क्षेत्रों में मौजूद रहना होगा। इस दौरान वे सफाई व्यवस्था, नालों की स्थिति, सड़क कटिंग और मलबे को हटाने के काम की जांच करेंगे। अगर मौके पर कोई समस्या मिलती है, तो उसे तुरंत ठीक कराना उनकी जिम्मेदारी होगी। दोपहर 12 बजे के बाद ही अफसर अपने ऑफिस के प्रशासनिक काम संभाल सकेंगे।

इस अभियान में एडिशनल म्युनिसिपल कमिश्नर, जोनल ऑफिसर, सिटी इंजीनियर, असिस्टेंट और जूनियर इंजीनियर, जोनल हेल्थ ऑफिसर और सैनिटेशन इंस्पेक्टर जैसे सभी जिम्मेदार अधिकारी शामिल रहेंगे। महापौर खुद भी शहर के अलग-अलग इलाकों में औचक निरीक्षण करेंगी। ड्यूटी से गायब मिलने वाले अफसरों और इंजीनियरों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

यह कदम यूपी के शहरी विकास और ऊर्जा मंत्री AK Sharma के उस निर्देश के बाद उठाया गया है, जिसमें बारिश के मौसम में शिकायतों के निपटारे के लिए क्विक रिस्पांस टीम (QRT) बनाने को कहा गया था। अब इस पूरे मैनेजमेंट प्लान से लखनऊ की सड़कों और गलियों की सफाई में तेजी आने की उम्मीद है।