UP: लखनऊ के मोहनलालगंज इलाके में पैतृक जमीन को कब्जाने के लिए एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। यहां एक व्यक्ति ने वारिस बनकर जमीन पर दावा ठोंका और जाली कागजात तैयार किए। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक
UP: लखनऊ के मोहनलालगंज इलाके में पैतृक जमीन को कब्जाने के लिए एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। यहां एक व्यक्ति ने वारिस बनकर जमीन पर दावा ठोंका और जाली कागजात तैयार किए। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
कौन है गिरफ्तार आरोपी और क्या था मामला?
पुलिस ने इस धोखाधड़ी के मामले में मो. अशफाक मिर्जा उर्फ बाबू मियां को गिरफ्तार किया है, जिसकी उम्र 67 साल है। आरोपी पर आरोप है कि उसने पैतृक जमीन को हड़पने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए थे। इतना ही नहीं, उसने इस साजिश के तहत अपने एक रिश्तेदार के नाम पर बैंक खाता भी खुलवाया था ताकि लेन-देन और कागजी कार्रवाई को सही दिखाया जा सके।
मोहनलालगंज में जमीन धोखाधड़ी का तरीका
जांच में पता चला कि आरोपी ने बहुत चालाकी से फर्जी कागजात बनाए थे ताकि वह खुद को जमीन का असली वारिस साबित कर सके। पुलिस ने 10 मई 2026 को आरोपी को पकड़कर मामले की गहराई से जांच शुरू कर दी है। लखनऊ के इस इलाके में जमीन से जुड़े ऐसे कई मामले सामने आते रहे हैं जहां लोग जाली दस्तावेजों के जरिए दूसरों की संपत्ति हड़पने की कोशिश करते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ के मोहनलालगंज में जमीन धोखाधड़ी का मामला क्या है?
इस मामले में 67 वर्षीय मो. अशफाक मिर्जा ने पैतृक जमीन हड़पने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए और रिश्तेदार के नाम पर बैंक खाता खोलकर धोखाधड़ी करने की कोशिश की।
पुलिस ने इस मामले में अब तक क्या कार्रवाई की है?
पुलिस ने आरोपी मो. अशफाक मिर्जा उर्फ बाबू मियां को 10 मई 2026 को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की आगे की जांच की जा रही है।